मुखर्जी नगर पहुंचीं CM रेखा गुप्ता, छात्रों ने बताईं PG किराए की समस्याएं

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने राजधानी के प्रमुख कोचिंग हब मुखर्जी नगर का औचक दौरा कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों से बातचीत की। इस दौरान मुख्यमंत्री चाय की दुकान पर छात्रों के साथ बैठीं और उनके रहने, पढ़ाई तथा रोजमर्रा की जरूरतों से जुड़ी समस्याओं को सुना। छात्रों ने बताया कि महंगे आवास और पर्याप्त सुविधाओं की कमी के कारण प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करना चुनौतीपूर्ण हो जाता है। मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को समस्याओं पर ध्यान देकर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
PG का महंगा किराया और हॉस्टल की कमी बनी बड़ी परेशानी
मुखर्जी नगर में सिविल सेवा और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने के लिए देश के अलग-अलग राज्यों से विद्यार्थी पहुंचते हैं। छात्रों ने मुख्यमंत्री के सामने पेइंग गेस्ट यानी PG के बढ़ते किराए, सिक्योरिटी डिपॉजिट और ब्रोकरेज के खर्च का मुद्दा उठाया। उनका कहना था कि पर्याप्त हॉस्टल उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें निजी PG या किराये के कमरों में रहना पड़ता है। इससे पढ़ाई के खर्च के साथ रहने का खर्च भी बढ़ जाता है। मुख्यमंत्री ने छात्रों की आवास संबंधी समस्याओं पर ध्यान देने और PG व्यवस्था से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए।
छात्रों के लिए मुफ्त लाइब्रेरी बनाने की पहल
बातचीत के दौरान विद्यार्थियों ने क्षेत्र में किफायती और अच्छी लाइब्रेरी की कमी का मुद्दा भी उठाया। छात्रों के मुताबिक, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए शांत वातावरण और लंबे समय तक पढ़ने की सुविधा जरूरी है। मौजूदा लाइब्रेरी के बंद होने और अधिक शुल्क के कारण भी उन्हें परेशानी होती है। इस पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को लाइब्रेरी की स्थिति, भवन की कमियों और सुरक्षा मानकों की जांच करने को कहा। साथ ही, खाली प्लॉट और उपलब्ध सामुदायिक भवनों में उपयुक्त जगह तलाशने के निर्देश दिए, ताकि विद्यार्थियों के लिए मुफ्त लाइब्रेरी विकसित की जा सके।
महिला सुरक्षा और CCTV व्यवस्था पर भी चर्चा
मुख्यमंत्री के साथ बातचीत में छात्राओं ने देर शाम आवागमन के दौरान सुरक्षा और कुछ स्थानों पर पर्याप्त स्ट्रीट लाइट नहीं होने की समस्या बताई। इसके बाद संबंधित अधिकारियों और पुलिस को इलाके में स्ट्रीट लाइट तथा CCTV कैमरों की स्थिति की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए। नियमों के विरुद्ध गहरे रंग की फिल्म लगी गाड़ियों के खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा गया। इसका उद्देश्य छात्रों, विशेषकर छात्राओं को सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराना है, ताकि वे बिना किसी डर के अपनी पढ़ाई जारी रख सकें।
पानी, सफाई और सार्वजनिक शौचालयों की समस्या
मुखर्जी नगर में रहने वाले विद्यार्थियों ने बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं की ओर भी ध्यान दिलाया। इनमें पीने के पानी की गुणवत्ता, गलियों में गंदगी, कूड़े की समस्या और सार्वजनिक शौचालयों की स्थिति शामिल है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को मुख्य सड़कों के साथ-साथ संकरी गलियों और रिहायशी इलाकों में भी नियमित सफाई सुनिश्चित करने को कहा। बंद पड़े सार्वजनिक शौचालयों को पिंक टॉयलेट के रूप में विकसित कर जल्द चालू करने के निर्देश भी दिए गए।
लाउडस्पीकर के शोर से पढ़ाई प्रभावित होने का मुद्दा
छात्रों ने रात के समय तेज आवाज में लाउडस्पीकर बजने से पढ़ाई में होने वाली परेशानी का मुद्दा भी उठाया। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए एकाग्रता और शांत वातावरण महत्वपूर्ण होता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि लाउडस्पीकर के इस्तेमाल में निर्धारित समय-सीमा और ध्वनि संबंधी नियमों का पालन जरूरी है। उन्होंने छात्रों से ऐसी शिकायतें संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाने को कहा।
छात्रों की समस्याओं के समाधान पर सरकार का जोर
मुखर्जी नगर के दौरे के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अधिकारियों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए। इस दौरे में आवास, लाइब्रेरी, सुरक्षा और नागरिक सुविधाओं जैसे कई मुद्दे सामने आए। अब इन निर्देशों के बाद महत्वपूर्ण सवाल यह होगा कि छात्रों को सस्ती आवास व्यवस्था, बेहतर अध्ययन सुविधाएं और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए जमीनी स्तर पर कितनी जल्दी कदम उठाए जाते हैं।



