विकसित यूपी 2047: CM योगी बोले- 300 बुद्धिजीवी बना रहे विजन डॉक्यूमेंट, गोरखपुर से नई दिशा

गोरखपुर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के विकास को लेकर बड़ा विजन साझा किया। उन्होंने कहा कि ‘विकसित यूपी 2047’ के विजन डॉक्यूमेंट को आकार देने के लिए करीब 300 बुद्धिजीवी और विशेषज्ञ लगातार कार्य कर रहे हैं। उनका उद्देश्य है कि जब भारत आज़ादी के 100 वर्ष पूरे करेगा, तब तक उत्तर प्रदेश को देश का सबसे विकसित और आत्मनिर्भर राज्य बनाया जा सके। मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि विकास केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि हर नागरिक के जीवन में इसका असर दिखेगा।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए यूपी सरकार ने एक ठोस रणनीति बनाई है। इसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचा, उद्योग, कृषि, रोजगार और आईटी सेक्टर जैसे क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने गोरखपुर से संदेश देते हुए कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था और पारदर्शी प्रशासन ही विकास की असली नींव है, और इसी पर सरकार मजबूती से काम कर रही है।
कार्यक्रम में उन्होंने जोर दिया कि बुद्धिजीवियों, शिक्षाविदों और नीति-निर्माताओं का योगदान इस दिशा में बेहद महत्वपूर्ण है। ये सभी मिलकर ऐसी नीतियां और योजनाएं बना रहे हैं, जिनसे न केवल शहर बल्कि गांव और छोटे कस्बों तक विकास की रोशनी पहुंचेगी। योगी आदित्यनाथ ने विश्वास जताया कि 2047 तक उत्तर प्रदेश देश की अर्थव्यवस्था में अग्रणी राज्य होगा और ‘नए भारत’ के निर्माण में अपनी सबसे बड़ी भूमिका निभाएगा।
यह विजन डॉक्यूमेंट आने वाली पीढ़ियों के लिए एक मजबूत आधार बनेगा और उत्तर प्रदेश को ‘बिमारू राज्य’ की छवि से पूरी तरह निकालकर ‘विकसित राज्य’ की श्रेणी में लाएगा।



