ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना: 75% काम पूरा, 2029 तक ट्रेन कर्णप्रयाग पहुंचेगी

उत्तराखंड की महत्वाकांक्षी ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना तेजी से निर्माण के चरण में आगे बढ़ रही है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार इस परियोजना का लगभग 75 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है और उम्मीद है कि 2029 तक ट्रेन कर्णप्रयाग तक पहुंच जाएगी। यह परियोजना राज्य के पहाड़ी जिलों को बेहतर रेल नेटवर्क से जोड़ने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम मानी जा रही है।
यह रेल लाइन कुल 125 किलोमीटर से अधिक लंबी है और इसमें कई सुरंगें, पुल और जटिल भौगोलिक संरचनाओं से गुजरना शामिल है। परियोजना का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा अत्याधुनिक सुरंग निर्माण है, जो हिमालयी क्षेत्र की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखकर तैयार किया जा रहा है।
इस परियोजना के पूरा होने के बाद ऋषिकेश से कर्णप्रयाग तक की यात्रा समय में भारी कमी आएगी और चारधाम यात्रा को भी बड़ी सुविधा मिलेगी। इससे न केवल स्थानीय लोगों को लाभ मिलेगा बल्कि पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना उत्तराखंड के सामाजिक-आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। पहाड़ी क्षेत्रों में कनेक्टिविटी बढ़ने से स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार के अवसरों में भी सुधार होगा।
निष्कर्ष:
ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना का तेजी से बढ़ता कार्य राज्य के विकास की दिशा में बड़ा कदम है। 2029 तक इसके पूरा होने पर उत्तराखंड की रेल कनेक्टिविटी और यात्रा व्यवस्था में ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिलेगा।



