पॉटी में खून के थक्के क्यों आते हैं? जानें गंभीर कारण

पॉटी में खून या खून के थक्के (Blood Clots in Stool) दिखाई देना हमेशा बवासीर (Hemorrhoids) का संकेत नहीं होता। इसके पीछे एनल फिशर (गुदा में दरार), आंतों में संक्रमण, इन्फ्लेमेटरी बाउल डिजीज (IBD), डायवर्टिकुलर ब्लीडिंग, कोलन पॉलिप्स या कोलोरेक्टल कैंसर जैसी गंभीर स्थितियां भी हो सकती हैं। यदि खून बार-बार आए, मात्रा अधिक हो, काले रंग का मल आए, तेज पेट दर्द, चक्कर, कमजोरी, बुखार या अचानक वजन कम होने जैसे लक्षण भी हों, तो इसे गंभीरता से लेना चाहिए।
ऐसी स्थिति में स्व-उपचार या केवल बवासीर मानकर दवा लेना उचित नहीं है। सही कारण का पता लगाने के लिए गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट या योग्य चिकित्सक से तुरंत परामर्श लेना चाहिए। डॉक्टर आवश्यकता के अनुसार शारीरिक जांच, खून की जांच, स्टूल टेस्ट, सिग्मॉयडोस्कोपी या कोलोनोस्कोपी जैसी जांच की सलाह दे सकते हैं। समय पर जांच और सही इलाज से अधिकांश कारणों का प्रभावी उपचार संभव है, जबकि देरी करने पर कुछ गंभीर बीमारियां बढ़ सकती हैं। इसलिए मल में खून या खून के थक्के दिखाई देने पर चिकित्सकीय सलाह लेने में देरी न करें।



