NCERT इतिहास किताबों में बदलाव, हिटलर और विभाजन से जुड़े अंश संशोधित

राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) की संशोधित पाठ्यपुस्तकों में इतिहास के कुछ अध्यायों में बदलाव किए गए हैं। रिपोर्टों के अनुसार, नई पुस्तकों में नाजी जर्मनी के नेता एडोल्फ हिटलर से जुड़े कुछ संदर्भों को हटाया या संक्षिप्त किया गया है। इसके अलावा भारत विभाजन से जुड़े हिस्सों में भी कुछ बदलाव किए गए हैं, जिसमें भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के रुख के वर्णन में संशोधन की बात सामने आई है।
NCERT समय-समय पर पाठ्यक्रम और पुस्तकों की समीक्षा करता है, ताकि सामग्री को नए शैक्षणिक उद्देश्यों और पाठ्यक्रम ढांचे के अनुरूप बनाया जा सके। परिषद का कहना है कि पाठ्यपुस्तकों में बदलाव छात्रों के सीखने के स्तर, विषय की प्रासंगिकता और शैक्षणिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर किए जाते हैं।
इतिहास की पुस्तकों में किए गए बदलाव अक्सर शिक्षा विशेषज्ञों, शिक्षकों और राजनीतिक समूहों के बीच चर्चा का विषय बनते हैं। कुछ लोग इसे पाठ्यक्रम को अधिक संतुलित और विद्यार्थियों के अनुकूल बनाने की प्रक्रिया मानते हैं, जबकि कुछ विशेषज्ञ ऐतिहासिक घटनाओं के प्रस्तुतीकरण में बदलाव को लेकर सवाल भी उठाते हैं।
नई संशोधित पुस्तकों के लागू होने के बाद छात्रों और शिक्षकों को बदली हुई सामग्री के अनुसार पढ़ाई करानी होगी। आने वाले समय में इन बदलावों के प्रभाव और विद्यार्थियों की समझ पर इनके असर को लेकर शिक्षा जगत में बहस जारी रहने की संभावना है।



