मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनता दर्शन में सुनी समस्याएं, अफसरों को त्वरित समाधान के निर्देश

उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने दिनांक 08 दिसंबर 2025 को अपने सरकारी आवास 5-कालिदास मार्ग, लखनऊ में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए लोगों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं। जनता दर्शन के दौरान बड़ी संख्या में फरियादी अपनी व्यक्तिगत, सामाजिक और प्रशासनिक समस्याओं को लेकर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने एक-एक व्यक्ति की बात को ध्यानपूर्वक सुनते हुए उन्हें आश्वस्त किया कि प्रदेश सरकार जनता की हर उचित समस्या के समाधान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। कार्यक्रम के दौरान भूमि विवाद, राजस्व से जुड़े मामले, पुलिस, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेंशन, आवास, बिजली और अन्य विभागों से संबंधित शिकायतें प्रमुख रूप से सामने आईं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आम जनता को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया कि संवेदनशील मामलों में मानवीय दृष्टिकोण अपनाया जाए और पात्र लोगों को समय से लाभ मिले। सीएम योगी ने दोहराया कि शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता जनसेवा है और जनता दर्शन इसी उद्देश्य से आयोजित किया जाता है, ताकि सरकार और आम नागरिकों के बीच सीधा संवाद बना रहे। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही या अनावश्यक विलंब बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता का विश्वास ही सरकार की सबसे बड़ी पूंजी है और इस विश्वास को बनाए रखना सभी अधिकारियों और कर्मचारियों की सामूहिक जिम्मेदारी है। जनता दर्शन के दौरान कई मामलों में मुख्यमंत्री ने मौके पर ही संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों से रिपोर्ट मांगते हुए त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। लोगों ने भी मुख्यमंत्री से सीधे संवाद कर राहत मिलने की उम्मीद जताई और सरकार की इस पहल की सराहना की। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश सरकार “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर काम कर रही है और हर वर्ग के हितों की रक्षा करना सरकार का कर्तव्य है। जनता दर्शन के माध्यम से समस्याओं का समाधान सरकार की जवाबदेही और संवेदनशील प्रशासन का प्रतीक है, जो उत्तर प्रदेश को सुशासन की दिशा में निरंतर आगे बढ़ा रहा है।



