
भारत और नेपाल के बीच द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कूटनीतिक बातचीत हुई। नेपाल के विदेश मंत्री ने भारत के विदेश मंत्री S. Jaishankar से मुलाकात के बाद कहा कि दोनों देश पुरानी बातों का बोझ नहीं उठाते और भविष्य की साझेदारी को आगे बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। उनके इस बयान को भारत-नेपाल संबंधों के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
बैठक के दौरान दोनों नेताओं के बीच आपसी सहयोग, व्यापार, कनेक्टिविटी, ऊर्जा, सीमा पार संपर्क और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई। दोनों देशों ने साझा हितों से जुड़े विषयों पर सहयोग बढ़ाने और पारंपरिक मित्रता को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई।
नेपाल के विदेश मंत्री ने भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार Ajit Doval से भी मुलाकात की। इस दौरान सुरक्षा सहयोग, सीमा प्रबंधन और क्षेत्रीय स्थिरता जैसे विषयों पर विचार-विमर्श किया गया। दोनों पक्षों ने आपसी विश्वास और सहयोग को आगे बढ़ाने पर जोर दिया।
भारत और नेपाल के संबंध ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और सामाजिक रूप से बेहद गहरे रहे हैं। दोनों देशों के बीच लोगों का आवागमन, व्यापारिक संबंध और विकास सहयोग लंबे समय से द्विपक्षीय रिश्तों की मजबूत नींव रहे हैं। ऐसे में उच्चस्तरीय मुलाकातों को संबंधों में नई ऊर्जा देने वाला कदम माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि हाल के वर्षों में दोनों देशों ने विभिन्न मुद्दों पर संवाद और सहयोग की नीति को प्राथमिकता दी है। नेपाल के विदेश मंत्री का यह बयान भी इसी दिशा में एक सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है, जो भविष्य में भारत-नेपाल साझेदारी को और मजबूत बना सकता है।



