नेशनल हैंडलूम डे पर सीएम योगी ने किया हस्तशिल्पियों का सम्मान, बोले- हथकरघा हमारी सांस्कृतिक पहचान

नेशनल हैंडलूम डे के अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुनकरों और हस्तशिल्पियों को सम्मानित करते हुए उनके योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि हथकरघा भारत की सांस्कृतिक पहचान, पारंपरिक कौशल और आत्मनिर्भर अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश का हैंडलूम और हस्तशिल्प उद्योग देश-विदेश में अपनी अलग पहचान रखता है। राज्य के बुनकर और कारीगर अपनी कला और मेहनत से भारतीय संस्कृति को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिला रहे हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार बुनकरों और हस्तशिल्पियों के विकास के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से उन्हें प्रशिक्षण, आधुनिक तकनीक, वित्तीय सहायता और बेहतर बाजार उपलब्ध कराने का प्रयास कर रही है। इससे पारंपरिक उद्योग को मजबूती मिलने के साथ रोजगार के नए अवसर भी पैदा हो रहे हैं।
कार्यक्रम के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले कई हस्तशिल्पियों और बुनकरों को सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री ने उनके कौशल और समर्पण की सराहना करते हुए युवाओं से भी पारंपरिक कला और शिल्प को आगे बढ़ाने की अपील की।
नेशनल हैंडलूम डे का उद्देश्य देश के समृद्ध हथकरघा उद्योग, बुनकर समुदाय और पारंपरिक हस्तशिल्प को प्रोत्साहित करना है। यह दिन भारतीय कारीगरों की प्रतिभा, मेहनत और सांस्कृतिक विरासत को सम्मान देने का अवसर माना जाता है।



