
पाकिस्तान द्वारा संभावित परमाणु परीक्षण की खबरों पर भारत की ओर से कड़ी प्रतिक्रिया आई है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को एक कार्यक्रम में स्पष्ट शब्दों में कहा कि “अगर पाकिस्तान ऐसा कदम उठाता है तो भारत चुप नहीं बैठेगा।” उनके इस बयान से भारत की दृढ़ और निर्णायक विदेश नीति का संकेत मिला है। राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत हमेशा शांति और स्थिरता के पक्ष में रहा है, लेकिन यदि कोई देश हमारी संप्रभुता और सुरक्षा को चुनौती देगा, तो उसे उचित जवाब मिलेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत आज आत्मनिर्भर रक्षा नीति की दिशा में आगे बढ़ चुका है। देश ने सीमा सुरक्षा से लेकर अंतरिक्ष तक, हर क्षेत्र में अपनी ताकत साबित की है। राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत किसी भी देश को उकसाने की नीति में विश्वास नहीं करता, लेकिन अगर चुनौती दी गई, तो जवाब उसी भाषा में दिया जाएगा।
रक्षा मंत्री के बयान को विशेषज्ञ पाकिस्तान को एक कूटनीतिक चेतावनी के रूप में देख रहे हैं। पाकिस्तान पिछले कुछ समय से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अलग-थलग पड़ा हुआ है और अपनी आंतरिक राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहा है। ऐसे में अगर वह परमाणु परीक्षण जैसी हरकत करता है, तो यह न केवल दक्षिण एशिया की शांति को खतरे में डालेगा, बल्कि संयुक्त राष्ट्र और अमेरिका जैसे देशों से उसे कठोर प्रतिक्रिया भी झेलनी पड़ सकती है।
राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत अब 1998 वाला देश नहीं रहा। आज देश आधुनिक मिसाइल सिस्टम, सैटेलाइट तकनीक और स्ट्रैटेजिक फोर्सेज कमांड जैसी शक्तियों से लैस है। उन्होंने यह भी जोड़ा कि “भारत की नीति स्पष्ट है — पहले हमला नहीं करेंगे, लेकिन किसी भी हमले का जवाब निर्णायक रूप से देंगे।”
राजनाथ सिंह के इस बयान से एक बार फिर यह संदेश गया है कि भारत शांति चाहता है, पर कमजोरी नहीं दिखाएगा। पाकिस्तान के किसी भी गैर-जिम्मेदार कदम का नतीजा उसे ही भुगतना पड़ेगा।



