
मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच भारत सरकार ने बड़ा आर्थिक कदम उठाते हुए पेट्रोकेमिकल्स पर कस्टम ड्यूटी खत्म कर दी है। इस फैसले का उद्देश्य कच्चे तेल और उससे जुड़े उत्पादों की बढ़ती कीमतों के असर को कम करना है। पेट्रोकेमिकल्स का उपयोग प्लास्टिक, पैकेजिंग, टेक्सटाइल और कई औद्योगिक क्षेत्रों में होता है, इसलिए ड्यूटी हटने से इन सेक्टरों की लागत कम हो सकती है।
सरकार के इस फैसले से उद्योगों को कच्चे माल सस्ते दाम पर मिल सकेंगे, जिससे उत्पादन लागत घटेगी और कंपनियां अपने उत्पादों की कीमतों को नियंत्रित रख सकेंगी। इसका सीधा फायदा आम उपभोक्ताओं को भी मिल सकता है, क्योंकि रोजमर्रा के कई सामान जैसे प्लास्टिक उत्पाद, पैकेजिंग सामग्री और कपड़े सस्ते हो सकते हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम महंगाई को काबू में रखने और सप्लाई चेन को स्थिर बनाए रखने में मददगार साबित होगा। साथ ही, मिडिल ईस्ट संकट के कारण वैश्विक बाजार में हो रहे उतार-चढ़ाव से भारतीय अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए यह एक रणनीतिक फैसला माना जा रहा है।



