
Reserve Bank of India (RBI) ने देश के गोल्ड रिजर्व को बेचने संबंधी दावों और रिपोर्टों को सिरे से खारिज कर दिया है। केंद्रीय बैंक ने स्पष्ट किया है कि ऐसी खबरें तथ्यात्मक रूप से गलत और भ्रामक हैं। RBI का कहना है कि देश के विदेशी मुद्रा भंडार और स्वर्ण भंडार से जुड़ी जानकारी नियमित रूप से आधिकारिक माध्यमों से साझा की जाती है और अफवाहों पर भरोसा नहीं किया जाना चाहिए।
हाल के दिनों में सोशल मीडिया और कुछ प्लेटफॉर्म्स पर यह दावा किया जा रहा था कि भारत अपने गोल्ड रिजर्व का बड़ा हिस्सा बेचने की तैयारी कर रहा है। इन खबरों के सामने आने के बाद RBI ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि इस प्रकार की रिपोर्टों का कोई आधार नहीं है। केंद्रीय बैंक ने निवेशकों और आम नागरिकों से केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर भरोसा करने की सलाह दी है।
विशेषज्ञों के अनुसार, गोल्ड रिजर्व किसी भी देश की वित्तीय स्थिरता और विदेशी मुद्रा भंडार का महत्वपूर्ण हिस्सा होता है। केंद्रीय बैंक समय-समय पर अपने भंडार प्रबंधन की रणनीति के तहत सोने की खरीद या भंडारण से जुड़े निर्णय ले सकते हैं, लेकिन गोल्ड रिजर्व बेचने जैसे बड़े कदमों की जानकारी आमतौर पर पारदर्शी और आधिकारिक तरीके से सार्वजनिक की जाती है।
अर्थव्यवस्था से जुड़ी संवेदनशील खबरों के दौर में RBI का यह स्पष्टीकरण महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वित्तीय विशेषज्ञों का कहना है कि निवेशकों को सोशल मीडिया पर वायरल हो रही अपुष्ट खबरों के बजाय आधिकारिक घोषणाओं और विश्वसनीय स्रोतों पर ही भरोसा करना चाहिए, ताकि गलत जानकारी के आधार पर कोई वित्तीय निर्णय न लिया जाए।



