सीएम योगी ने की चैकडैम/एनीकट निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक | जल संरक्षण व सिंचाई क्षमता बढ़ाने पर जोर

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने दिनांक 04 अक्टूबर 2025 को अपने सरकारी आवास 5-कालीदास मार्ग, लखनऊ में चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत चैकडैम/एनीकट निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक की। इस बैठक में मुख्यमंत्री ने प्रदेश के विभिन्न जनपदों में हो रहे जल संरक्षण संबंधी कार्यों की प्रगति का विस्तृत मूल्यांकन किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी निर्माण कार्य तय समयसीमा के भीतर पूर्ण किए जाएं, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में सिंचाई सुविधाएं सुदृढ़ हों और किसानों को सीधे लाभ मिल सके।
सीएम योगी ने कहा कि जल संरक्षण और भूजल पुनर्भरण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल हैं। उन्होंने बताया कि चैकडैम और एनीकट परियोजनाओं से न केवल जल संचयन बढ़ेगा बल्कि वर्षा के पानी को उपयोगी बनाकर खेतों की सिंचाई और पेयजल उपलब्धता में भी सुधार होगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए तथा पारदर्शिता और जनसहभागिता के साथ सभी परियोजनाओं को आगे बढ़ाया जाए।
बैठक के दौरान ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, सिंचाई विभाग और जल संसाधन मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। मुख्यमंत्री ने संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में जल संरक्षण को जनआंदोलन के रूप में विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक जिले में जलाशयों, तालाबों और चैकडैम की मरम्मत तथा नई परियोजनाओं को तेजी से पूरा किया जाए ताकि सूखे की स्थिति में भी किसानों को जल संकट का सामना न करना पड़े।
योगी आदित्यनाथ ने यह भी स्पष्ट किया कि जल प्रबंधन को आत्मनिर्भर ग्रामीण अर्थव्यवस्था का आधार बनाया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्थानीय पंचायतों, स्वयंसेवी संस्थाओं और नागरिक समाज को इस अभियान से जोड़ा जाए, ताकि “हर बूंद जल—हर खेत तक” का लक्ष्य साकार हो सके। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि सामूहिक प्रयासों से उत्तर प्रदेश जल संरक्षण के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य बनेगा।



