यूपी में हर साल 10 लाख युवाओं को रोजगार देने की तैयारी, CM योगी ने जारी किए निर्देश

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के युवाओं के लिए रोजगार सृजन को प्राथमिकता देते हुए हर साल 10 लाख युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में व्यापक रणनीति तैयार की है। मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने संबंधित विभागों को इस लक्ष्य को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
सरकार का फोकस औद्योगिक निवेश, कौशल विकास, स्वरोजगार योजनाओं और निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ाने पर है। इसके लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर युवाओं को उनकी योग्यता और कौशल के अनुसार अवसर उपलब्ध कराने की योजना बनाई जा रही है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा है कि रोजगार सृजन को केवल सरकारी नौकरियों तक सीमित न रखा जाए, बल्कि उद्योग, सेवा क्षेत्र, स्टार्टअप, एमएसएमई और स्वरोजगार योजनाओं के माध्यम से भी युवाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाया जाए। इसके लिए प्रशिक्षण कार्यक्रमों को भी रोजगार की जरूरतों के अनुरूप तैयार करने पर जोर दिया गया है।
राज्य सरकार का मानना है कि बड़े पैमाने पर हो रहे निवेश और औद्योगिक परियोजनाओं से आने वाले वर्षों में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। साथ ही विभिन्न सरकारी योजनाओं के माध्यम से युवाओं को स्वरोजगार के लिए वित्तीय और तकनीकी सहायता भी उपलब्ध कराई जाएगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि कौशल विकास कार्यक्रमों को उद्योगों की वास्तविक जरूरतों से जोड़ा जाए और निवेश परियोजनाएं समय पर धरातल पर उतरें, तो रोजगार सृजन के लक्ष्य को हासिल करने में मदद मिल सकती है।
सरकार ने संबंधित विभागों को नियमित समीक्षा और प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं, ताकि रोजगार सृजन के लक्ष्य की निगरानी प्रभावी ढंग से की जा सके। यह पहल प्रदेश के युवाओं को आर्थिक अवसर प्रदान करने और राज्य की विकास गति को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।



