जनपद सीतापुर: उप मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डॉ. विजय नाथ गोसंरक्षण कार्यों में लापरवाही पर निलंबित

उत्तर प्रदेश के जनपद सीतापुर में गोसंरक्षण कार्यों को लेकर बड़ी कार्रवाई सामने आई है। मिश्रिख तहसील में तैनात उप मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डॉ. विजय नाथ को विभागीय लापरवाही के चलते निलंबित कर दिया गया है। शासन और प्रशासन की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि गोवंश संरक्षण, गोशालाओं की व्यवस्था एवं बीमार अथवा निराश्रित गोवंश की उचित देखभाल में किसी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसके बावजूद मिश्रिख क्षेत्र में कई गोशालाओं में अव्यवस्था, पशुओं के लिए पर्याप्त चारे-पानी की कमी और आवश्यक चिकित्सा सुविधाओं के अभाव की शिकायतें लगातार मिल रही थीं।
निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागीय अधिकारियों ने पाया कि गोवंश संरक्षण योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में लापरवाही की गई है। पशुओं की देखभाल में मानक व्यवस्था लागू नहीं की गई और न ही गोशालाओं की स्थिति को सुधारने के लिए गंभीर प्रयास किए गए। ऐसे में शासन स्तर पर इसे गंभीर मामला मानते हुए डॉ. विजय नाथ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
इस कार्रवाई के बाद प्रशासन ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि गोसंरक्षण से जुड़ी किसी भी सरकारी योजना में ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं कई मौकों पर गोवंश संरक्षण की दिशा में विशेष संवेदनशीलता दिखा चुके हैं और उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि प्रत्येक गोशाला में पशुओं को पर्याप्त चारा, पानी और चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
डॉ. विजय नाथ के निलंबन के बाद पशुपालन विभाग के अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों को भी चेतावनी दी गई है कि यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही सामने आती है, तो कठोर विभागीय कार्रवाई की जाएगी। यह कदम न केवल गोसंरक्षण कार्यों की गंभीरता को दर्शाता है बल्कि यह भी स्पष्ट करता है कि सरकार पशुओं की देखभाल और संरक्षण के मुद्दे पर किसी प्रकार का समझौता नहीं करेगी।



