यूपी में 900 नई अदालतों के गठन पर हाई कोर्ट सख्त, सरकार से मांगा जवाब

उत्तर प्रदेश में 900 नई अदालतों के गठन के प्रस्ताव को लेकर इलाहाबाद हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब मांगा है। अदालत ने इस मामले में सरकार से स्थिति स्पष्ट करने को कहा है। नई अदालतों के गठन का मुद्दा प्रदेश की न्यायिक व्यवस्था को मजबूत करने और लंबित मुकदमों के तेजी से निपटारे से जुड़ा हुआ है। मामले की अगली सुनवाई 23 जुलाई को निर्धारित की गई है, जिसमें सरकार को अपना पक्ष प्रस्तुत करना होगा।
याचिका में प्रदेश में बढ़ते मुकदमों के दबाव और न्यायालयों में लंबित मामलों को देखते हुए नई अदालतों की आवश्यकता का मुद्दा उठाया गया है। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने यह जानना चाहा कि 900 नई अदालतों के गठन को लेकर सरकार की क्या योजना है और इस दिशा में अब तक क्या कदम उठाए गए हैं। अदालत ने सरकार से संबंधित जानकारी और प्रगति रिपोर्ट पेश करने को कहा है।
प्रदेश में न्यायिक बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की मांग लंबे समय से उठती रही है। नई अदालतों के गठन से न्यायिक प्रक्रिया को गति मिलने और आम लोगों को समय पर न्याय उपलब्ध कराने में मदद मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। अब 23 जुलाई की सुनवाई में सरकार के जवाब के बाद मामले की आगे की दिशा तय होगी।



