Lucknow Drug Factory: रिहायशी इलाके में हेरोइन फैक्ट्री का खुलासा

दिल्ली पुलिस को एक अंतरराज्यीय हेरोइन सप्लाई नेटवर्क की जांच के दौरान लखनऊ में चल रही कथित अवैध निर्माण इकाई के बारे में जानकारी मिली। इसके बाद 4 अक्टूबर को जानकीपुरम की सीता कॉलोनी में छापेमारी की गई, जहां से तैयार हेरोइन और निर्माण में इस्तेमाल होने वाली सामग्री बरामद होने की बात पुलिस ने कही है।
पुलिस के अनुसार, इस कार्रवाई से पहले दिल्ली में एक व्यक्ति को 300 ग्राम हेरोइन और नकदी के साथ पकड़ा गया था। पूछताछ के बाद सोनीपत से कथित मुख्य सप्लायर अनिल उर्फ भोला को गिरफ्तार किया गया, जिसके पास से 501 ग्राम हेरोइन बरामद होने की जानकारी दी गई।
लखनऊ में छापेमारी के दौरान पुलिस ने 6.275 किलो तैयार हेरोइन बरामद करने का दावा किया है। दिल्ली और उत्तर प्रदेश में हुई कार्रवाई में कुल 7.076 किलो हेरोइन जब्त होने और इसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 50 करोड़ रुपये आंके जाने की जानकारी सामने आई है।
जांच के दौरान पुलिस ने कथित निर्माण इकाई के मालिक रुकसार अली उर्फ राजू को बरेली से गिरफ्तार किया। पुलिस का कहना है कि उसे पकड़ने के लिए करीब 120 किलोमीटर तक पीछा किया गया। अब जांच एजेंसियां ड्रग्स की सप्लाई चेन, आर्थिक लेनदेन, कच्चा माल उपलब्ध कराने वालों और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटा रही हैं।
स्थानीय लोगों के मुताबिक जिस रिहायशी मकान में यह गतिविधि चल रही थी, वहां करीब छह महीने पहले एक युवक रहने आया था। रात के समय मकान में गतिविधियां बढ़ने और कई लोगों के आने-जाने की बात भी सामने आई है। हालांकि, इन स्थानीय दावों की जांच पुलिस की कार्रवाई और आगे की जांच के आधार पर होगी।
दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई ने लखनऊ के रिहायशी इलाकों में किरायेदारों के सत्यापन और स्थानीय निगरानी व्यवस्था से जुड़े सवाल भी खड़े किए हैं। स्थानीय पुलिस के अनुसार दिल्ली पुलिस की टीम वांछित तस्कर को पकड़ने के लिए आई थी और कार्रवाई में स्थानीय पुलिस को शामिल नहीं किया गया था।



