
चीन बांग्लादेश में भारतीय सीमा के बेहद करीब ड्रोन निर्माण फैक्ट्री स्थापित करने की तैयारी कर रहा है। इस कदम को लेकर भारत समेत कई देशों में सुरक्षा चिंताएं बढ़ गई हैं। माना जा रहा है कि यह फैक्ट्री रणनीतिक रूप से बेहद संवेदनशील इलाके में बनाई जा रही है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, चीन इस ड्रोन फैक्ट्री के जरिए न सिर्फ व्यावसायिक ड्रोन बल्कि निगरानी और सैन्य उपयोग से जुड़े ड्रोन भी तैयार कर सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इसका इस्तेमाल सीमा क्षेत्रों की निगरानी और खुफिया जानकारी जुटाने में किया जा सकता है।
भारत की सीमा के पास इस तरह की फैक्ट्री लगाने को चीन की “स्ट्रैटेजिक एक्सपैंशन” नीति से जोड़कर देखा जा रहा है। यह कदम चीन को दक्षिण एशिया में तकनीकी और सैन्य बढ़त दिला सकता है, जबकि भारत की सुरक्षा चुनौतियां बढ़ सकती हैं।
हालांकि चीन और बांग्लादेश इसे आर्थिक सहयोग और तकनीकी विकास का हिस्सा बता रहे हैं, लेकिन रक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि इसके दीर्घकालिक प्रभावों पर नजर रखना जरूरी है। आने वाले समय में यह प्रोजेक्ट क्षेत्रीय भू-राजनीति को प्रभावित कर सकता है।



