
रूस के बहुप्रतीक्षित स्टील्थ लड़ाकू विमान Sukhoi Su-75 Checkmate को लेकर एक बार फिर चर्चाएं तेज हो गई हैं। रक्षा क्षेत्र की रिपोर्टों के अनुसार, इस विमान की पहली उड़ान को लेकर तैयारियां आगे बढ़ रही हैं। Su-75 को रूस ने एक अपेक्षाकृत कम लागत वाले, सिंगल-इंजन स्टील्थ फाइटर के रूप में पेश किया है, जिसका लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय रक्षा बाजार में प्रतिस्पर्धा करना है।
Su-75 Checkmate को पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमान की श्रेणी में विकसित किया जा रहा है। इसमें कम रडार पहचान (स्टील्थ), आधुनिक एवियोनिक्स, उन्नत सेंसर और बहु-भूमिका युद्ध क्षमता जैसी विशेषताएं शामिल होने का दावा किया गया है। विमान को हवा से हवा और हवा से जमीन दोनों प्रकार के मिशनों के लिए डिजाइन किया गया है। हालांकि इसकी वास्तविक क्षमताओं का आकलन उड़ान परीक्षणों और परिचालन तैनाती के बाद ही संभव होगा।
अमेरिकी Lockheed Martin F-35 Lightning II की तुलना अक्सर Su-75 से की जाती है, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि अभी दोनों विमानों की सीधी तुलना करना जल्दबाजी होगी। F-35 पहले से कई देशों की वायु सेनाओं में सेवा दे रहा है और वास्तविक अभियानों में अपनी क्षमताएं प्रदर्शित कर चुका है। दूसरी ओर, Su-75 अभी विकास और परीक्षण चरण में है।
रक्षा विश्लेषकों का मानना है कि यदि Su-75 अपने घोषित प्रदर्शन मानकों को हासिल कर लेता है, तो यह उन देशों के लिए आकर्षक विकल्प बन सकता है जो अपेक्षाकृत कम लागत में स्टील्थ क्षमता वाला लड़ाकू विमान चाहते हैं। हालांकि किसी भी नए लड़ाकू विमान की सफलता केवल उसकी तकनीकी विशेषताओं पर नहीं, बल्कि उसकी विश्वसनीयता, उत्पादन क्षमता, रखरखाव लागत और वास्तविक परिचालन प्रदर्शन पर भी निर्भर करती है। इसलिए Su-75 की पहली उड़ान और आगे के परीक्षणों पर वैश्विक रक्षा जगत की नजर बनी हुई है।



