सीएम योगी ने जयंत शाही को दी श्रद्धांजलि, शोक संतप्त परिवार के साथ खड़े दिखे

दिनांक 11 जनवरी 2026 को लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में एक अत्यंत भावुक और शोकपूर्ण वातावरण देखने को मिला, जब उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी अपर महाधिवक्ता विनोद शाही के पुत्र स्वर्गीय जयंत शाही जी के निधन पर उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि देने पहुंचे। मुख्यमंत्री योगी ने उनके पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर गहरी संवेदना व्यक्त की और शोक संतप्त परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की। इस अवसर पर वातावरण गंभीर और भावनात्मक था, जहां परिजन, रिश्तेदार और गणमान्य लोग दिवंगत आत्मा को याद करते हुए नम आंखों से खड़े थे। मुख्यमंत्री ने विनोद शाही जी से व्यक्तिगत रूप से भेंट कर उन्हें ढांढस बंधाया और कहा कि यह दुख केवल परिवार का ही नहीं बल्कि पूरे समाज का है, क्योंकि जयंत शाही एक सुसंस्कृत, मेधावी और विनम्र व्यक्तित्व के धनी थे।
सीएम योगी ने कहा कि जीवन अनिश्चितताओं से भरा होता है, लेकिन ऐसे युवा का असमय चले जाना अत्यंत पीड़ादायक है। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को शांति मिले और परिवार को यह कठिन समय सहन करने की शक्ति प्रदान हो। मुख्यमंत्री की उपस्थिति ने शाही परिवार को मानसिक संबल दिया और यह संदेश दिया कि प्रदेश सरकार हर दुख की घड़ी में अपने नागरिकों के साथ खड़ी है। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारी, कानून जगत से जुड़े वरिष्ठ लोग और सामाजिक क्षेत्र की कई प्रमुख हस्तियां भी मौजूद रहीं।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम में सादगी और गरिमा बनी रही, जहां सभी ने मौन रखकर दिवंगत जयंत शाही को श्रद्धासुमन अर्पित किए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने यह भी कहा कि ऐसे दुखद क्षणों में समाज की एकजुटता ही सबसे बड़ा सहारा बनती है। उन्होंने परिवार को आश्वस्त किया कि सरकार हर संभव सहयोग के लिए तत्पर है। इस पूरे आयोजन ने यह दर्शाया कि संवेदनशील नेतृत्व न केवल प्रशासनिक दायित्व निभाता है, बल्कि मानवीय रिश्तों और भावनाओं को भी पूरी गंभीरता से समझता है। जयंत शाही जी का निधन निश्चित रूप से एक बड़ी क्षति है, जिसकी भरपाई संभव नहीं, लेकिन उनके व्यक्तित्व और स्मृतियां हमेशा लोगों के हृदय में जीवित रहेंगी।



