आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य क्षेत्र का सशक्तिकरण

आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के दूरदर्शी मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश सरकार ने भारत सरकार के सहयोग से स्वास्थ्य क्षेत्र में उल्लेखनीय और ऐतिहासिक सुधार किए हैं। बीते कुछ वर्षों में राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए बुनियादी ढांचे से लेकर सेवाओं की गुणवत्ता तक पर विशेष ध्यान दिया गया है। आयुष्मान भारत–प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के माध्यम से करोड़ों गरीब और वंचित परिवारों को निशुल्क इलाज की सुविधा मिली, जिससे आम नागरिकों पर स्वास्थ्य खर्च का बोझ कम हुआ। राज्य में मेडिकल कॉलेजों, जिला अस्पतालों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का तेजी से विस्तार किया गया, जिससे ग्रामीण और दूरदराज़ क्षेत्रों तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुँचीं। कोविड-19 जैसी वैश्विक महामारी के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार ने केंद्र के मार्गदर्शन में व्यापक स्तर पर अस्पतालों, ऑक्सीजन प्लांट्स, आईसीयू बेड और टीकाकरण अभियान को सशक्त किया, जिसका सकारात्मक प्रभाव जनस्वास्थ्य पर पड़ा। डिजिटल हेल्थ मिशन के अंतर्गत ई-हॉस्पिटल, टेलीमेडिसिन और ऑनलाइन पंजीकरण जैसी सुविधाओं ने स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक पारदर्शी और सुलभ बनाया। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य के क्षेत्र में जननी सुरक्षा योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना और पोषण अभियानों के माध्यम से मृत्यु दर में कमी लाने के प्रयास सफल रहे हैं। स्वच्छ भारत मिशन और जल जीवन मिशन जैसी योजनाओं ने स्वच्छता और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराकर रोगों की रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसके साथ ही आयुष, योग और वेलनेस कार्यक्रमों को बढ़ावा देकर निवारक स्वास्थ्य पर जोर दिया गया। इन समेकित प्रयासों का परिणाम यह है कि उत्तर प्रदेश की स्वास्थ्य प्रणाली अधिक मजबूत, उत्तरदायी और जन-केंद्रित बनी है। केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय, नीति-निर्माण में नवाचार तथा जनभागीदारी के कारण स्वास्थ्य क्षेत्र में निरंतर प्रगति हो रही है, जो “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास” की भावना को साकार करती है।



