गोरखपुर में हीरक जयंती समारोह में शामिल हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, विकास और संस्कृति का दिया संदेश

उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने दिनांक 27 जनवरी 2026 को जनपद गोरखपुर में आयोजित भव्य हीरक जयंती समारोह में सहभागिता कर कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई। यह समारोह न केवल किसी संस्था अथवा व्यक्तित्व की 60 वर्षों की गौरवशाली यात्रा का प्रतीक था, बल्कि सामाजिक सेवा, सांस्कृतिक मूल्यों और राष्ट्र निर्माण के संकल्प का भी सशक्त मंच बना। मुख्यमंत्री के आगमन पर जनपद प्रशासन, जनप्रतिनिधियों तथा बड़ी संख्या में उपस्थित नागरिकों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने कहा कि हीरक जयंती जैसे अवसर समाज को अपने अतीत की उपलब्धियों का मूल्यांकन करने और भविष्य के लिए नए लक्ष्य तय करने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश आज विकास, सुशासन और सुरक्षा के नए मानक स्थापित कर रहा है, जिसमें जनसहभागिता और सामाजिक संस्थाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। गोरखपुर, जो उनकी कर्मभूमि रही है, आज शिक्षा, स्वास्थ्य, आधारभूत संरचना और निवेश के क्षेत्र में निरंतर प्रगति कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण पर विशेष बल देते हुए कहा कि हमारी परंपराएं और मूल्य ही समाज की असली ताकत हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे आधुनिक शिक्षा और तकनीक के साथ-साथ नैतिक मूल्यों को भी अपनाएं, ताकि प्रदेश और देश दोनों सशक्त बन सकें। सरकार द्वारा चलाई जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि गरीब, किसान, महिला और युवा—हर वर्ग के उत्थान के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है।
समारोह के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति से सभी का मन मोह लिया। मुख्यमंत्री ने आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम सामाजिक एकता को मजबूत करते हैं और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं। कार्यक्रम के अंत में उन्होंने सभी नागरिकों से स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सद्भाव बनाए रखने का संकल्प लेने का आह्वान किया।
कुल मिलाकर, गोरखपुर में आयोजित यह हीरक जयंती समारोह प्रेरणा, सम्मान और संकल्प का संगम बनकर उभरा, जिसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी की उपस्थिति ने इसे ऐतिहासिक और स्मरणीय बना दिया।



