सीएम धामी का ‘किसान अवतार’, खेत में खुद चलाया टिलर; जैविक और पारंपरिक खेती को दिया बढ़ावा

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami एक अलग अंदाज में नजर आए, जब उन्होंने अपने खेत में स्वयं टिलर चलाकर खेती कार्य में हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री का यह ‘किसान अवतार’ लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया और उन्होंने किसानों को आत्मनिर्भर एवं प्राकृतिक खेती की ओर बढ़ने का संदेश दिया।
खेत में काम करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि केवल आजीविका का साधन नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूत नींव है। उन्होंने किसानों से आधुनिक तकनीक के साथ-साथ पारंपरिक कृषि ज्ञान को भी अपनाने की अपील की।
सीएम धामी ने विशेष रूप से जैविक खेती को बढ़ावा देने पर जोर दिया। उनका कहना था कि रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम कर प्राकृतिक और जैविक खेती को अपनाने से भूमि की उर्वरता बनी रहती है और किसानों को बेहतर मूल्य भी मिल सकता है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि उत्तराखंड की भौगोलिक परिस्थितियां जैविक खेती के लिए बेहद अनुकूल हैं। राज्य सरकार किसानों को प्रशिक्षण, तकनीकी सहायता और विपणन सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि जनप्रतिनिधियों द्वारा खेती-किसानी से जुड़े ऐसे संदेश ग्रामीण समाज में सकारात्मक प्रभाव छोड़ते हैं। इससे किसानों को नई तकनीकों और टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने के लिए प्रेरणा मिलती है।
मुख्यमंत्री की इस पहल को ग्रामीण विकास और कृषि जागरूकता से जोड़कर देखा जा रहा है। खेत में टिलर चलाने की उनकी तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से साझा किए जा रहे हैं, जहां लोगों ने इसे किसानों के प्रति सम्मान और जुड़ाव का प्रतीक बताया।



