उत्तराखंड में फार्मासिस्टों का आंदोलन 15 दिन स्थगित, पांच मांगों पर सहमति

उत्तराखंड में अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे फार्मासिस्टों ने फिलहाल अपना आंदोलन 15 दिन के लिए स्थगित कर दिया है। स्वास्थ्य मंत्री के आश्वासन के बाद फार्मासिस्ट संगठनों ने यह फैसला लिया। सरकार और फार्मासिस्टों के बीच हुई बातचीत में उनकी पांच प्रमुख मांगों पर सहमति बनी है।
फार्मासिस्ट लंबे समय से अपनी सेवा संबंधी और विभागीय मांगों को लेकर सरकार से कार्रवाई की मांग कर रहे थे। आंदोलन के कारण स्वास्थ्य सेवाओं पर असर पड़ने की आशंका के बीच सरकार की ओर से वार्ता के जरिए समाधान निकालने का प्रयास किया गया।
स्वास्थ्य मंत्री ने फार्मासिस्टों को उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद संगठन ने सरकार को 15 दिन का समय देते हुए आंदोलन स्थगित करने का निर्णय लिया। अब इस अवधि में सहमति बनी मांगों पर आगे की प्रक्रिया होने की उम्मीद है।
फार्मासिस्टों का कहना है कि सरकार यदि तय समय में मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई करती है तो आंदोलन की आवश्यकता नहीं होगी। वहीं, यदि मांगों के समाधान की दिशा में अपेक्षित कदम नहीं उठाए गए तो संगठन आगे की रणनीति तय कर सकता है।
स्वास्थ्य सेवाओं में फार्मासिस्टों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में दवाओं के वितरण, दवा प्रबंधन और मरीजों को जरूरी जानकारी उपलब्ध कराने में उनकी अहम जिम्मेदारी रहती है।
आंदोलन स्थगित होने से फिलहाल स्वास्थ्य विभाग और मरीजों को राहत मिलने की उम्मीद है। अब सभी की नजर सरकार की ओर से अगले 15 दिनों में उठाए जाने वाले कदमों पर रहेगी।



