
होली से ठीक पहले आम लोगों की जेब पर महंगाई का नया बोझ पड़ गया है। रसोई गैस सिलेंडर के दाम बढ़ने और हवाई यात्रा महंगी होने की खबरों ने घरेलू बजट का गणित बिगाड़ दिया है। तेल विपणन कंपनियों ने Indian Oil Corporation, Bharat Petroleum और Hindustan Petroleum के जरिए एलपीजी की नई कीमतें लागू कर दी हैं। खासकर 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर के दाम में बढ़ोतरी से मध्यमवर्गीय परिवारों पर सीधा असर पड़ेगा। त्योहार के समय जब खर्च पहले से बढ़ा रहता है, ऐसे में यह इजाफा लोगों के लिए चिंता का कारण बन गया है।
सिर्फ गैस ही नहीं, हवाई यात्रा भी महंगी हो गई है। एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) की कीमतों में बढ़ोतरी के चलते एयरलाइंस कंपनियों ने किराए में संशोधन किया है। गर्मियों की छुट्टियों और त्योहारों के सीजन को देखते हुए पहले ही टिकटों की मांग बढ़ जाती है, ऐसे में किराया बढ़ना यात्रियों के लिए दोहरी मार जैसा है। ट्रैवल एजेंसियों के मुताबिक प्रमुख रूट्स पर टिकटों की कीमतों में साफ उछाल देखा जा रहा है।
महंगाई के इन झटकों का असर सिर्फ शहरी ही नहीं, ग्रामीण इलाकों में भी महसूस किया जाएगा। गैस सिलेंडर महंगा होने से घरेलू बजट पर दबाव बढ़ेगा, वहीं हवाई किराया बढ़ने से कारोबार और पर्यटन से जुड़े लोगों की लागत भी बढ़ सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर के मुकाबले रुपये की स्थिति का सीधा असर इन दरों पर पड़ता है।
फिलहाल आम लोगों के लिए जरूरी है कि वे अपने खर्चों की बेहतर योजना बनाएं और उपलब्ध सरकारी योजनाओं या सब्सिडी का लाभ उठाएं। त्योहार के मौके पर बढ़ी महंगाई ने जरूर चिंता बढ़ाई है, लेकिन उम्मीद है कि आने वाले महीनों में वैश्विक परिस्थितियां सुधरने पर राहत मिल सकती है।



