लखनऊ में प्रदेश का पहला राज्य विश्वविद्यालय स्तरीय ब्रेल पुस्तकालय शुरू, दिव्यांग शिक्षा को नई दिशा

लखनऊ, 4 जनवरी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की समावेशी शिक्षा और दिव्यांग सशक्तिकरण की नीति को सशक्त आधार प्रदान करते हुए डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय में प्रदेश के पहले राज्य विश्वविद्यालय स्तरीय ब्रेल पुस्तकालय अनुभाग का शुभारंभ किया गया। यह ऐतिहासिक पहल दृष्टिबाधित विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नए अवसरों के द्वार खोलेगी। विश्वविद्यालय के स्वामी विवेकानंद केंद्रीय पुस्तकालय के प्रथम तल पर स्थापित इस अत्याधुनिक ब्रेल पुस्तकालय का उद्घाटन मुख्य अतिथि एवं कुलपति आचार्य संजय सिंह ने किया। उद्घाटन समारोह से पूर्व कुलपति ने विश्वविद्यालय के ब्रेल प्रेस परिसर में ब्रेल लिपि के जनक लुई ब्रेल की जयंती के अवसर पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके योगदान को स्मरण किया। इसके पश्चात फीता काटकर ब्रेल पुस्तकालय अनुभाग का विधिवत उद्घाटन किया गया।
इस ब्रेल पुस्तकालय में दृष्टिबाधित विद्यार्थियों की शैक्षणिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए विभिन्न विषयों की ब्रेल पुस्तकों, संदर्भ ग्रंथों, पत्रिकाओं और अध्ययन सामग्री को उपलब्ध कराया गया है। साथ ही डिजिटल ब्रेल संसाधनों और सहायक तकनीकों की भी व्यवस्था की गई है, जिससे छात्र-छात्राएं आत्मनिर्भर होकर अध्ययन कर सकें। कुलपति आचार्य संजय सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि यह पुस्तकालय केवल एक शैक्षणिक सुविधा नहीं, बल्कि समान अवसर और सामाजिक समावेशन की दिशा में एक मजबूत कदम है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की दूरदर्शी सोच के कारण आज दिव्यांग विद्यार्थियों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ने के लिए ठोस प्रयास किए जा रहे हैं।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी एवं विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने इस पहल को प्रदेश के लिए गर्व का विषय बताया। वक्ताओं ने कहा कि ब्रेल पुस्तकालय से न केवल विश्वविद्यालय के विद्यार्थी लाभान्वित होंगे, बल्कि भविष्य में इसे प्रदेश के अन्य शैक्षणिक संस्थानों के लिए भी एक मॉडल के रूप में विकसित किया जा सकता है। यह पहल स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि उत्तर प्रदेश सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन दिव्यांग सशक्तिकरण, समावेशी शिक्षा और सामाजिक समानता के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।



