दिनकर की ‘रश्मिरथी’ के हीरक जयंती पर तीन दिवसीय पर्व

राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की कालजयी कृति ‘रश्मिरथी’ के हीरक जयंती वर्ष के अवसर पर तीन दिवसीय भव्य ‘रश्मिरथी पर्व’ का आयोजन किया जा रहा है। इस आयोजन का उद्देश्य हिंदी साहित्य की समृद्ध परंपरा को नई पीढ़ी तक पहुंचाना और दिनकर की रचनात्मकता को सम्मान देना है।
इस तीन दिवसीय कार्यक्रम में साहित्यकारों, कवियों और विद्वानों की भागीदारी देखने को मिलेगी। विभिन्न सत्रों में ‘रश्मिरथी’ के काव्य सौंदर्य, उसके पात्रों और सामाजिक संदेशों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। साथ ही सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से भी इस महाकाव्य को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया जाएगा।
आयोजकों का मानना है कि ऐसे कार्यक्रम हिंदी साहित्य के प्रति लोगों की रुचि को बढ़ाते हैं और युवाओं को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। यह पर्व न केवल दिनकर को श्रद्धांजलि है, बल्कि भारतीय साहित्य की महान विरासत का उत्सव भी है।



