उत्तर प्रदेश
UP सरकार पर SC की नाराजगी: 15 साल केस में ₹1 लाख जुर्माना

Supreme Court of India ने उत्तर प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर कड़ी नाराजगी जताई है। एक कर्मचारी के मामले को 15 वर्षों तक लंबित रखने पर अदालत ने राज्य सरकार पर ₹1 लाख का जुर्माना लगाया है, जिसे गंभीर प्रशासनिक लापरवाही माना गया है।
अदालत ने कहा कि किसी भी कर्मचारी को इतने लंबे समय तक न्याय से वंचित रखना उचित नहीं है और यह प्रशासनिक प्रणाली में गंभीर खामी को दर्शाता है। मामले में देरी को लेकर कोर्ट ने सरकार से जवाब भी तलब किया और प्रक्रिया में सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया।
Yogi Adityanath सरकार के लिए यह फैसला एक महत्वपूर्ण संदेश के रूप में देखा जा रहा है, जिसमें समयबद्ध न्याय और प्रशासनिक जवाबदेही पर जोर दिया गया है।
यह मामला सरकारी प्रक्रियाओं में तेजी लाने और लंबित मामलों के निपटारे को प्राथमिकता देने की जरूरत को उजागर करता है।



