झांसी में भव्य कांवड़ यात्रा, हेलीकॉप्टर से हुई पुष्पवर्षा

सावन के पावन माह में झांसी में भव्य कांवड़ यात्रा निकाली गई। मध्य प्रदेश के ओरछा धाम से शुरू हुई यह यात्रा झांसी के सिद्धेश्वर मंदिर तक पहुंची। बड़ी संख्या में महिला और पुरुष श्रद्धालु कांवड़ लेकर यात्रा में शामिल हुए। यात्रा के दौरान भगवान शिव से जुड़ी आकर्षक झांकियां भी लोगों के आकर्षण का केंद्र रहीं।
झांसी शहर में कांवड़ यात्रा के प्रवेश के बाद शिवभक्तों के स्वागत के लिए राजकीय हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा की गई। हेलीकॉप्टर ने शहर के प्रमुख स्थानों के ऊपर कई चक्कर लगाए और कांवड़ियों पर फूल बरसाए। आसमान से होती पुष्पवर्षा को देखकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला और पूरा माहौल हर-हर महादेव के जयकारों से गूंज उठा।
यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के साथ विशेष झांकियां भी शामिल रहीं। इससे पहले आयोजन समिति ने बताया था कि यात्रा में करीब पांच हजार कांवड़ियों के शामिल होने की उम्मीद है। करीब 22 किलोमीटर लंबी पैदल यात्रा ओरछा से शुरू होकर झांसी के सिद्धेश्वर मंदिर में समाप्त हुई।
कांवड़ यात्रा में 101 दिव्यांगजन भी अपने वाहनों के साथ शामिल हुए। इसके अलावा भगवान शिव के विभिन्न स्वरूपों, आदि योगी और रानी लक्ष्मीबाई से जुड़ी झांकियां भी यात्रा का हिस्सा बनीं। शहर में जगह-जगह स्थानीय लोगों ने कांवड़ियों का स्वागत किया और उनके लिए पेयजल व प्रसाद जैसी व्यवस्थाएं की गईं।
यात्रा के दौरान पुलिस और प्रशासन की ओर से सुरक्षा तथा यातायात व्यवस्था के लिए भी इंतजाम किए गए। श्रद्धालु गंगाजल लेकर शिवालयों की ओर बढ़े और यात्रा के समापन पर भगवान सिद्धेश्वर का जलाभिषेक किया।
मुख्य बातें:
- कांवड़ यात्रा ओरछा धाम से सिद्धेश्वर मंदिर तक निकली।
- बड़ी संख्या में शिवभक्त यात्रा में शामिल हुए।
- राजकीय हेलीकॉप्टर से कांवड़ियों पर पुष्पवर्षा हुई।
- 101 दिव्यांगजन भी यात्रा का हिस्सा बने।
- शिव, आदि योगी और रानी लक्ष्मीबाई की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं।
- पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने हर-हर महादेव के जयकारे लगाए।



