RBI का बैंकों को सख्त निर्देश, बढ़ती ग्राहक शिकायतों पर सिस्टम सुधारने को कहा

भारतीय रिजर्व बैंक ने बैंकों में बढ़ती ग्राहक शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए शिकायतों के Root Cause Analysis पर जोर दिया है। RBI के अनुसार, केवल शिकायत का समाधान करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि यह भी पता लगाया जाना चाहिए कि एक ही तरह की समस्या बार-बार क्यों सामने आ रही है।
RBI के आंकड़ों के मुताबिक, वित्त वर्ष 2024-25 में RBI के Ombudsman Offices में करीब 2.96 लाख शिकायतें प्राप्त हुईं। इनमें सबसे ज्यादा शिकायतें बैंकों के खिलाफ थीं और बड़ी संख्या में मामले लोन/एडवांस तथा डिजिटल बैंकिंग सेवाओं से संबंधित रहे।
RBI ने बैंकों से शिकायत निवारण व्यवस्था में मौजूद सिस्टम, प्रक्रिया और ऑपरेशनल कमियों की पहचान करने और उन्हें दूर करने को कहा है। साथ ही शिकायतों के प्रभावी समाधान के लिए संस्थागत क्षमता बढ़ाने और नियामकीय अनुपालन को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया है।
ग्राहकों के लिए RBI की Integrated Ombudsman Scheme 2026 भी लागू है। यह बैंक और अन्य विनियमित संस्थाओं की सेवा में कमी से संबंधित पात्र शिकायतों के लिए निःशुल्क वैकल्पिक शिकायत निवारण व्यवस्था उपलब्ध कराती है। यह योजना 1 जुलाई 2026 से प्रभावी हुई है।



