
मिडिल ईस्ट में तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। लेबनान की राजधानी बेरूत में इजरायली वायुसेना ने हिजबुल्लाह के कई ठिकानों पर एयरस्ट्राइक की है। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई दक्षिणी लेबनान से इजरायल की सीमा की ओर दागे गए रॉकेट हमलों के जवाब में की गई। इजरायल का कहना है कि उसकी सेना ने सटीक खुफिया जानकारी के आधार पर आतंकी ढांचे, हथियार भंडार और कमांड सेंटर को निशाना बनाया। दूसरी ओर लेबनान के सशस्त्र संगठन हिजबुल्लाह ने दावा किया है कि हमले में नागरिक इलाकों को भी नुकसान पहुंचा है। इस घटनाक्रम के बीच ईरान ने भी कड़ा रुख अपनाते हुए खाड़ी क्षेत्र में सक्रिय अमेरिकी सैन्य ठिकानों को चेतावनी दी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान समर्थित गुटों ने बहरीन में स्थित अमेरिकी एयरबेस को निशाना बनाने की कोशिश की। हालांकि अमेरिकी रक्षा विभाग ने कहा है कि हमले को नाकाम कर दिया गया और कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ। उल्लेखनीय है कि बहरीन में अमेरिकी नौसेना का पांचवां बेड़ा तैनात है, जो खाड़ी क्षेत्र में अमेरिका की रणनीतिक मौजूदगी का अहम केंद्र है। इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच बढ़ती झड़पों से पूरे क्षेत्र में अस्थिरता का माहौल बन गया है। विश्लेषकों का मानना है कि यदि हालात जल्द काबू में नहीं आए तो यह संघर्ष व्यापक क्षेत्रीय युद्ध का रूप ले सकता है, जिसमें ईरान और अमेरिका जैसे बड़े खिलाड़ी भी सीधे तौर पर शामिल हो सकते हैं। संयुक्त राष्ट्र और कई पश्चिमी देशों ने दोनों पक्षों से संयम बरतने और कूटनीतिक समाधान तलाशने की अपील की है। फिलहाल मिडिल ईस्ट की स्थिति बेहद संवेदनशील बनी हुई है और दुनिया की नजरें इस बढ़ते टकराव पर टिकी हैं।

