UP Budget 2026-27: स्वास्थ्य विभाग को 10% बढ़ोतरी, सेहतमंद प्रदेश की ओर योगी सरकार का बड़ा कदम

उत्तर प्रदेश सरकार ने बजट 2026-27 में स्वास्थ्य क्षेत्र को प्राथमिकता देते हुए बड़ा संदेश देने की कोशिश की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘सेहतमंद प्रदेश’ के विजन को आगे बढ़ाते हुए इस बार स्वास्थ्य विभाग के बजट में लगभग दस प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। सरकार का मानना है कि बेहतर चिकित्सा सुविधाएं, मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर और गांव से लेकर शहर तक इलाज की आसान पहुंच ही विकास की असली नींव है।
बजट में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को आधुनिक उपकरणों से लैस करने पर जोर दिया गया है। साथ ही जिला अस्पतालों में बेड क्षमता बढ़ाने, डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ की भर्ती तथा नई मेडिकल कॉलेज परियोजनाओं को गति देने की योजना भी शामिल है। सरकार का लक्ष्य है कि लोगों को गंभीर इलाज के लिए बड़े शहरों की ओर पलायन न करना पड़े, बल्कि अपने ही जिले में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करना भी इस बजट का अहम हिस्सा है। टीकाकरण अभियान, पोषण योजनाएं और गर्भवती महिलाओं के लिए बेहतर देखभाल की दिशा में अतिरिक्त संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके अलावा, डिजिटल हेल्थ सेवाओं के विस्तार और टेलीमेडिसिन को बढ़ावा देने की बात भी कही गई है, ताकि दूरदराज के इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेषज्ञ डॉक्टरों की सलाह आसानी से मिल सके।
सरकार ने साफ संकेत दिए हैं कि आने वाले वर्षों में स्वास्थ्य ढांचे को और मजबूत किया जाएगा। महामारी के अनुभवों से सीख लेते हुए आपातकालीन सेवाओं, एंबुलेंस नेटवर्क और दवा उपलब्धता को बेहतर बनाने पर भी ध्यान दिया जाएगा। कुल मिलाकर, यह बजट स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए बूस्टर डोज की तरह देखा जा रहा है, जो प्रदेश की बड़ी आबादी को बेहतर, सुलभ और किफायती इलाज देने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
योगी सरकार का मानना है कि स्वस्थ नागरिक ही प्रदेश की प्रगति का आधार हैं। ऐसे में यह बढ़ा हुआ आवंटन न केवल चिकित्सा व्यवस्था को मजबूती देगा, बल्कि लोगों के जीवन स्तर में भी सकारात्मक बदलाव लाने में मदद करेगा।



