उत्तरकाशी में आई प्राकृतिक आपदा का आज तीसरा दिन है, और हालात अभी भी चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। लगातार भारी बारिश, भूस्खलन और सड़कों के टूटने की वजह से राहत और बचाव कार्यों में बाधा जरूर आई, लेकिन NDRF, SDRF और प्रशासनिक टीमें लगातार युद्धस्तर पर राहत कार्यों में जुटी हैं।
अब तक की सबसे बड़ी राहत की खबर यह है कि 274 फंसे हुए पर्यटकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। ये सभी लोग अलग-अलग ट्रेकिंग रूट्स और होमस्टे में फंसे हुए थे। हेलिकॉप्टर और पैदल रेस्क्यू ऑपरेशन के माध्यम से इन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।
हालांकि इस आपदा ने दो लोगों की जान भी ले ली है। तीसरे दिन दो शव बरामद हुए हैं, जिनकी पहचान की जा रही है। प्रशासन ने उनके परिजनों को सूचित कर दिया है और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
📍 प्रमुख घटनाएं:
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गंगोत्री और यमुनोत्री रूट पर अभी भी कई जगह रास्ते बंद
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मोबाइल नेटवर्क और बिजली आपूर्ति कई क्षेत्रों में ठप
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सेना, ITBP और स्थानीय प्रशासन राहत कार्यों में जुटे
मुख्यमंत्री ने हालात की निगरानी करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हर एक फंसे व्यक्ति तक सहायता पहुंचे। साथ ही, स्थानीय लोगों से अपील की गई है कि अफवाहों से बचें और प्रशासन के संपर्क में रहें।
इस समय उत्तरकाशी में हालात कठिन हैं लेकिन राहत दलों की त्वरित प्रतिक्रिया और अथक प्रयासों के कारण कई लोगों की जिंदगियां बचाई जा चुकी हैं। प्रशासन ने यह भी बताया कि जब तक हर नागरिक सुरक्षित नहीं हो जाता, तब तक राहत अभियान जारी रहेगा।



