योगी सरकार की ODOP योजना से बदली किसानों की किस्मत, 18 हजार हेक्टेयर में लहलहा रहा काला नमक चावल

उत्तर प्रदेश सरकार की वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट (ODOP) योजना ने प्रदेश के किसानों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है। खासतौर पर सिद्धार्थनगर, बस्ती, संतकबीरनगर और आसपास के जिलों में उगाए जाने वाले काला नमक चावल ने किसानों के जीवन में खुशहाली की नई खुशबू बिखेर दी है। योगी सरकार के प्रयासों से आज लगभग 18 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में काला नमक चावल की खेती हो रही है, जो न केवल किसानों की आय बढ़ा रही है, बल्कि प्रदेश की पारंपरिक पहचान को भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच पर स्थापित कर रही है।
काला नमक चावल अपनी अनोखी खुशबू, स्वाद और पोषण गुणों के कारण खास पहचान रखता है। ODOP योजना के तहत सरकार ने इस फसल को प्रोत्साहन देने के लिए बीज वितरण, आधुनिक कृषि तकनीक, प्रशिक्षण और विपणन की सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं। पहले जहां किसान इस पारंपरिक धान को सीमित क्षेत्र में उगाते थे, वहीं अब सरकारी सहयोग से बड़े पैमाने पर इसकी खेती संभव हो पाई है। इससे किसानों की उत्पादन लागत घटी है और बाजार में बेहतर दाम मिलने लगे हैं।
योगी सरकार ने ODOP योजना के अंतर्गत काला नमक चावल की ब्रांडिंग और पैकेजिंग पर भी विशेष ध्यान दिया है। इससे यह चावल देश के बड़े शहरों के साथ-साथ विदेशों तक पहुंच रहा है। निर्यात बढ़ने से किसानों की आमदनी में उल्लेखनीय इजाफा हुआ है। कई किसान अब पारंपरिक फसलों को छोड़कर काला नमक चावल की ओर आकर्षित हो रहे हैं, क्योंकि इसमें मुनाफा अधिक और जोखिम कम है।
इसके साथ ही, इस योजना ने स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी पैदा किए हैं। प्रोसेसिंग यूनिट, पैकेजिंग और मार्केटिंग से जुड़े कामों में ग्रामीण युवाओं को रोजगार मिल रहा है। ODOP योजना ने साबित कर दिया है कि यदि सही नीति और समर्थन मिले तो पारंपरिक कृषि उत्पाद भी किसानों की समृद्धि का आधार बन सकते हैं। काला नमक चावल की खुशबू आज केवल खेतों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उत्तर प्रदेश की कृषि सफलता की पहचान बन चुकी है।



