Pregnancy नहीं ठहर रही तो सिर्फ पत्नी जिम्मेदार नहीं, पति की ये समस्या भी हो सकती है वजह

बच्चा प्लान करने के बाद लंबे समय तक प्रेग्नेंसी न ठहरने पर अक्सर सारा ध्यान महिला की जांच पर चला जाता है। लेकिन फर्टिलिटी की समस्या पुरुष या महिला, दोनों में से किसी से जुड़ी हो सकती है। हाल ही में सामने आए एक मामले में 27 वर्षीय कपल करीब एक साल से गर्भधारण की कोशिश कर रहा था। महिला के पीरियड्स, ओव्यूलेशन और ट्यूब की जांच सामान्य थी और पति की शुरुआती रिपोर्ट भी ठीक थी। बातचीत के दौरान डॉक्टर को पता चला कि पति को इरेक्टाइल डिस्फंक्शन (ED) की समस्या थी, जिसके कारण दांपत्य संबंध प्रभावित हो रहे थे।
एक साल से कर रहे थे बच्चे की कोशिश
रिपोर्ट के मुताबिक, 27 साल के इस कपल की शादी को तीन साल हो चुके थे और वे पिछले करीब एक साल से बच्चा प्लान कर रहे थे। इसके बावजूद प्रेग्नेंसी नहीं ठहर रही थी।
महिला की जांच में पीरियड्स नियमित पाए गए और ओव्यूलेशन भी समय पर हो रहा था। फॉलोपियन ट्यूब की जांच में भी कोई समस्या नहीं मिली। पति की रिपोर्ट्स भी सामान्य बताई गई थीं।
ऐसे में डॉक्टर ने केवल टेस्ट रिपोर्ट देखने के बजाय कपल की मैरिड लाइफ और यौन स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी भी जानने की कोशिश की।
डॉक्टर के सवाल पर पत्नी घबराई, पति रहा चुप
कंसल्टेशन के दौरान जब डॉक्टर ने शादीशुदा जिंदगी से संबंधित सवाल पूछा तो पत्नी असहज हो गई और पति भी ज्यादा कुछ नहीं बोल पाया।
ऐसी स्थिति में डॉक्टर को लगा कि समस्या केवल मेडिकल रिपोर्ट्स में दिखाई नहीं दे रही है। आगे बातचीत करने और परिवार के एक सदस्य से जानकारी लेने के बाद कथित तौर पर समस्या की असली वजह सामने आई।
पति को थी Erectile Dysfunction की समस्या
इस मामले में डॉक्टर के अनुसार पति को Erectile Dysfunction (ED) यानी इरेक्शन बनाए रखने या पर्याप्त इरेक्शन हासिल करने में परेशानी थी।
पति ने इस समस्या के लिए दवाओं के अलावा होम्योपैथी और आयुर्वेदिक सप्लीमेंट्स भी आजमाए थे, लेकिन खास फायदा नहीं हुआ। समस्या पर खुलकर बात न होने के कारण कपल लंबे समय तक प्रेग्नेंसी न ठहरने की वजह तलाशता रहा।
यहां यह समझना जरूरी है कि ED और पुरुष बांझपन एक ही चीज नहीं हैं। ED मुख्य रूप से यौन संबंध बनाने में कठिनाई से जुड़ी समस्या है, जबकि पुरुष फर्टिलिटी पर स्पर्म की संख्या, उनकी गतिशीलता, आकार और अन्य कारकों का असर हो सकता है। हालांकि ED की वजह से पर्याप्त या नियमित संभोग न हो पाने पर गर्भधारण मुश्किल हो सकता है।
पुरुषों से जुड़ी वजहें भी हो सकती हैं
फर्टिलिटी की समस्या को केवल महिला की समस्या मानना सही नहीं है। उपलब्ध मेडिकल जानकारी के अनुसार infertility के मामलों में पुरुष से जुड़े कारक एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस केस की रिपोर्ट में भी एक्सपर्ट ने बताया कि करीब 30–40% infertility मामलों में पुरुष से जुड़ी वजहें हो सकती हैं।
पुरुष फर्टिलिटी प्रभावित होने के संभावित कारणों में शामिल हो सकते हैं:
- स्पर्म की संख्या कम होना
- स्पर्म की गतिशीलता कम होना
- स्पर्म की गुणवत्ता में समस्या
- हार्मोनल असंतुलन
- अंडकोष से जुड़ी समस्याएं
- कुछ संक्रमण
- इरेक्टाइल डिस्फंक्शन
- स्खलन से जुड़ी समस्याएं
- कुछ दवाओं या जीवनशैली संबंधी कारकों का प्रभाव
हर कपल में कारण अलग हो सकता है, इसलिए केवल लक्षण देखकर निष्कर्ष निकालना सही नहीं है।
शर्म के कारण समस्या और लंबी हो सकती है
यौन स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं पर बात करने में कई लोगों को झिझक होती है। खासकर पुरुष ED या सेक्स से जुड़ी परेशानी को लेकर डॉक्टर के सामने भी खुलकर बात नहीं कर पाते।
लेकिन ऐसी समस्या छिपाने से इसका समाधान नहीं होता। उल्टा, इससे फर्टिलिटी ट्रीटमेंट में देरी हो सकती है और पति-पत्नी के रिश्ते पर भी तनाव बढ़ सकता है।
डॉक्टर से बातचीत निजी और मेडिकल जरूरत का हिस्सा है। इसलिए यौन स्वास्थ्य से जुड़े सवालों का ईमानदारी से जवाब देना उपचार के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है।
कब फर्टिलिटी एक्सपर्ट से मिलना चाहिए?
अगर कपल नियमित रूप से बिना गर्भनिरोधक के संबंध बनाने के बावजूद लंबे समय तक गर्भधारण नहीं कर पा रहा है, तो दोनों पार्टनर्स का मूल्यांकन किया जाना चाहिए।
सिर्फ महिला के टेस्ट सामान्य आने पर यह मान लेना सही नहीं है कि समस्या का कारण नहीं मिल सकता। पुरुष की फर्टिलिटी और यौन स्वास्थ्य की जांच भी जरूरत के अनुसार की जा सकती है।
अगर पति को बार-बार इरेक्शन की समस्या हो रही है, सेक्स करने में कठिनाई होती है या स्खलन से जुड़ी परेशानी है, तो यूरोलॉजिस्ट/एंड्रोलॉजिस्ट या फर्टिलिटी विशेषज्ञ से सलाह लेना बेहतर है।
खुद से दवाएं या सप्लीमेंट न लें
ED या फर्टिलिटी की समस्या होने पर इंटरनेट, दोस्तों या विज्ञापनों के आधार पर दवा लेना सही नहीं है।
खासकर अनजान हर्बल, आयुर्वेदिक या सप्लीमेंट प्रोडक्ट्स को पूरी तरह सुरक्षित मानना भी उचित नहीं है। समस्या के कारण के अनुसार डॉक्टर अलग-अलग जांच और उपचार की सलाह दे सकते हैं।
कपल को क्या करना चाहिए?
फर्टिलिटी की समस्या सिर्फ एक व्यक्ति की जिम्मेदारी नहीं है। पति-पत्नी दोनों को मिलकर इसे मेडिकल समस्या की तरह देखना चाहिए।
- एक-दूसरे को दोष न दें।
- यौन स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या छिपाएं नहीं।
- डॉक्टर को सही जानकारी दें।
- जरूरत पड़ने पर दोनों की जांच कराएं।
- बिना डॉक्टर की सलाह दवा या सप्लीमेंट न लें।
- लंबे समय तक समस्या बनी रहे तो फर्टिलिटी विशेषज्ञ से मिलें।
निष्कर्ष
प्रेग्नेंसी न ठहरने की वजह हमेशा महिला से जुड़ी हो, यह जरूरी नहीं है। पुरुषों से जुड़ी फर्टिलिटी और यौन स्वास्थ्य की समस्याएं भी गर्भधारण में बाधा बन सकती हैं। सामने आए मामले में महिला की जांच सामान्य होने के बावजूद पति की Erectile Dysfunction समस्या दांपत्य संबंधों को प्रभावित कर रही थी।
इसलिए बच्चा प्लान कर रहे कपल को ऐसी समस्याओं पर शर्म या झिझक के बजाय डॉक्टर से खुलकर बात करनी चाहिए। सही कारण का पता लगाना ही उचित उपचार की दिशा में पहला कदम है।
डिस्क्लेमर: यह लेख सामान्य स्वास्थ्य जानकारी के लिए है। प्रेग्नेंसी में परेशानी, ED या किसी अन्य यौन/फर्टिलिटी समस्या की स्थिति में योग्य डॉक्टर या फर्टिलिटी विशेषज्ञ से व्यक्तिगत सलाह लें।



