Abhishek Porel Case: हाई कोर्ट ने सुनवाई 14 सितंबर तक टाली, जानें वजह

दिल्ली कैपिटल्स और बंगाल के क्रिकेटर अभिषेक पोरेल से जुड़े मामले में कलकत्ता हाई कोर्ट ने सुनवाई को अब 14 सितंबर तक टाल दिया है। यह मामला एक मेडिकल छात्रा की शिकायत से जुड़ा है, जिसमें पोरेल पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों की अभी जांच चल रही है और इन्हें अदालत द्वारा साबित नहीं किया गया है।
मामले की सुनवाई जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की पीठ के सामने हुई। पश्चिम बंगाल सरकार की ओर से अदालत से और समय मांगा गया, ताकि पोरेल की गिरफ्तारी के बाद पुलिस जांच को आगे बढ़ा सके। इसके बाद अदालत ने मामले को 14 सितंबर को दोबारा सुनवाई के लिए सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया।
रिपोर्ट के मुताबिक, पोरेल को सोमवार रात पुलिस ने गिरफ्तार किया था। यह कार्रवाई कलकत्ता हाई कोर्ट के पहले दिए गए निर्देश के बाद हुई। अदालत ने पुलिस को उनकी गिरफ्तारी के साथ इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त करने का भी निर्देश दिया था, ताकि जांच से जुड़े संभावित साक्ष्यों को सुरक्षित रखा जा सके।
इस मामले में एक अन्य व्यक्ति, जिसे पोरेल का दोस्त बताया जा रहा है, अभी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। इसी वजह से जांच एजेंसियों को मामले की पूरी पड़ताल करने के लिए अतिरिक्त समय की जरूरत बताई गई है।
शिकायतकर्ता कर्नाटक की एक मेडिकल छात्रा है। उसने आरोप लगाया है कि वह और पोरेल लंबे समय से एक-दूसरे को जानते थे और उनके बीच रिश्ते थे। महिला ने पोरेल पर शादी का भरोसा देकर यौन संबंध बनाने और बाद में कथित तौर पर धमकी देने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। हालांकि, इन आरोपों की सत्यता का निर्धारण अभी न्यायिक प्रक्रिया और जांच के जरिए होना बाकी है।
अभिषेक पोरेल क्रिकेट के मैदान पर दिल्ली कैपिटल्स के विकेटकीपर-बल्लेबाज के तौर पर पहचान बना चुके हैं। उन्होंने IPL में भी टीम का प्रतिनिधित्व किया है। अब इस कानूनी मामले के चलते उनके क्रिकेट करियर पर भी नजर बनी हुई है।
फिलहाल अदालत ने मामले की सुनवाई 14 सितंबर तक टाल दी है। तब तक पुलिस की जांच आगे बढ़ेगी और मामले में शामिल दूसरे आरोपी की गिरफ्तारी समेत अन्य पहलुओं पर कार्रवाई की जा सकती है। अगली सुनवाई में जांच की प्रगति के आधार पर अदालत आगे की दिशा तय कर सकती है।



