लखनऊ में 100 साल पुराने हेरिटेज पेड़ों की मैपिंग शुरू

लखनऊ में 100 साल से अधिक पुराने हेरिटेज पेड़ों की पहचान और संरक्षण के लिए विशेष मैपिंग अभियान शुरू किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य शहर की ऐतिहासिक और पर्यावरणीय धरोहर को संरक्षित करना है। विशेषज्ञों की टीम इन पेड़ों का डेटा तैयार करेगी, जिसमें उनकी उम्र, प्रजाति और स्थिति का विवरण शामिल होगा।
इस अभियान से न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि लोगों में हरित विरासत के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी। प्रशासन का मानना है कि इस तरह की पहल से शहरी विकास के बीच प्राकृतिक संतुलन बनाए रखने में मदद मिलेगी और आने वाली पीढ़ियों को इन ऐतिहासिक पेड़ों का लाभ मिल सकेगा।
इस परियोजना के तहत आधुनिक तकनीकों जैसे जीआईएस मैपिंग और डिजिटल डेटाबेस का उपयोग किया जाएगा, जिससे हर पेड़ की सटीक लोकेशन और स्थिति दर्ज की जा सके। इससे भविष्य में किसी भी निर्माण कार्य या सड़क विस्तार के दौरान इन हेरिटेज पेड़ों को नुकसान से बचाने में मदद मिलेगी। साथ ही, इन पेड़ों के संरक्षण के लिए विशेष योजनाएं भी तैयार की जाएंगी।
प्रशासन द्वारा स्थानीय नागरिकों, पर्यावरण प्रेमियों और शिक्षण संस्थानों को भी इस अभियान से जोड़ने की योजना है, ताकि लोग अपने आसपास के पुराने पेड़ों की जानकारी साझा कर सकें। इससे सामुदायिक भागीदारी बढ़ेगी और शहर की हरित पहचान को मजबूत करने में सहयोग मिलेगा। अधिकारियों का मानना है कि यह पहल लखनऊ को एक पर्यावरण-संवेदनशील शहर के रूप में नई पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाएगी।



