CM योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में की गोसेवा, गौशाला में दिखा संवेदनशील और स्नेहिल रूप

गोरखपुर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर अपने संवेदनशील और लोककल्याणकारी व्यक्तित्व का परिचय देते हुए गोसेवा की और गौशाला पहुंचकर गोवंश को गुड़-रोटी खिलाई। इस दौरान मुख्यमंत्री ने गायों की सेवा करते हुए उनके संरक्षण और संवर्धन को लेकर सरकार की प्रतिबद्धता भी दोहराई। गौशाला परिसर में सीएम योगी का आत्मीय रूप देखने को मिला, जहां उन्होंने न सिर्फ गोवंश के स्वास्थ्य और देखभाल की जानकारी ली, बल्कि वहां मौजूद बच्चों से भी आत्मीय संवाद किया और उन्हें चॉकलेट वितरित की। बच्चों के चेहरों पर खुशी देखते ही बन रही थी, वहीं मुख्यमंत्री का यह स्नेहिल व्यवहार उपस्थित लोगों के लिए प्रेरणा का विषय बना। सीएम योगी ने कहा कि भारतीय संस्कृति में गोवंश का विशेष स्थान है और उनकी सेवा करना हमारा सामाजिक और नैतिक दायित्व है। उत्तर प्रदेश सरकार प्रदेशभर में गोसंरक्षण, गौशाला निर्माण और निराश्रित गोवंश की देखभाल के लिए लगातार काम कर रही है, ताकि किसानों और पशुपालकों को राहत मिल सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गौशालाओं में स्वच्छता, चारा, पानी और पशु चिकित्सा सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि गोवंश आधारित प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने से किसानों की आय में वृद्धि होगी और पर्यावरण संरक्षण को भी बल मिलेगा। कार्यक्रम के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी मौजूद रहे, जिन्होंने सरकार की योजनाओं की प्रगति की जानकारी दी। सीएम योगी की यह गोसेवा न सिर्फ धार्मिक आस्था से जुड़ी रही, बल्कि इसके माध्यम से सामाजिक समरसता, करुणा और मानवीय मूल्यों का भी संदेश दिया गया। बच्चों को चॉकलेट बांटकर मुख्यमंत्री ने यह दिखाया कि शासन सिर्फ योजनाओं तक सीमित नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग के साथ भावनात्मक जुड़ाव भी उतना ही महत्वपूर्ण है। गोरखपुर में हुए इस आयोजन ने एक बार फिर यह स्पष्ट किया कि योगी आदित्यनाथ का नेतृत्व सेवा, संवेदनशीलता और संस्कारों के मूल मंत्र पर आधारित है, जो प्रदेश के समग्र विकास के साथ-साथ सांस्कृतिक मूल्यों को भी मजबूती प्रदान करता है।



