
मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव का असर अब वैश्विक विमानन सेवाओं पर भी साफ दिखाई देने लगा है। इसी कड़ी में भारत की प्रमुख एयरलाइन इंडिगो ने सुरक्षा और संचालन संबंधी कारणों का हवाला देते हुए 500 से अधिक उड़ानों को रद्द करने का फैसला किया है। इस अचानक लिए गए फैसले से हजारों यात्रियों की यात्रा योजनाएं प्रभावित हो गई हैं और एयरपोर्ट्स पर काफी असमंजस की स्थिति देखी जा रही है।
एयरलाइन के अधिकारियों के मुताबिक मिडिल ईस्ट क्षेत्र में बढ़ते तनाव और कुछ देशों के हवाई क्षेत्र में बढ़ी संवेदनशीलता के कारण कई अंतरराष्ट्रीय मार्गों पर उड़ान संचालन सुरक्षित नहीं माना जा रहा है। यही वजह है कि कई रूट्स पर अस्थायी रूप से उड़ानें रद्द की गई हैं। इसके साथ ही कुछ उड़ानों के मार्ग भी बदले गए हैं, जिससे यात्रा समय बढ़ने की संभावना है।
उड़ानें रद्द होने से सबसे ज्यादा परेशानी उन यात्रियों को हो रही है जिनकी कनेक्टिंग फ्लाइट्स थीं या जिनकी विदेश यात्रा पहले से तय थी। कई यात्रियों ने सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी भी जाहिर की है और एयरलाइन से बेहतर सूचना और वैकल्पिक व्यवस्था की मांग की है। एयरपोर्ट्स पर टिकट रद्द कराने या नई फ्लाइट बुक कराने के लिए लंबी कतारें भी देखने को मिल रही हैं।
इंडिगो ने अपने बयान में कहा है कि प्रभावित यात्रियों को रिफंड या वैकल्पिक उड़ान की सुविधा दी जा रही है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे एयरपोर्ट जाने से पहले अपनी फ्लाइट की स्थिति आधिकारिक वेबसाइट या मोबाइल ऐप पर जरूर जांच लें। एयरलाइन का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा उसकी पहली प्राथमिकता है और हालात सामान्य होते ही उड़ानों का संचालन फिर से शुरू किया जाएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि मिडिल ईस्ट में तनाव लंबे समय तक जारी रहता है, तो इसका असर अंतरराष्ट्रीय उड़ानों, टिकट की कीमतों और यात्रा योजनाओं पर और अधिक पड़ सकता है। फिलहाल यात्रियों को सलाह दी जा रही है कि वे अपनी यात्रा से पहले एयरलाइन की अपडेट्स पर नजर बनाए रखें और जरूरी होने पर यात्रा योजनाओं में बदलाव करें।



