उत्तर प्रदेश के दो मेगा लोन मेलों में बंटेगा 2.20 करोड़ का कर्ज, CM योगी ने SLBC की बैठक में दिए निर्देश

उत्तर प्रदेश में स्वरोजगार, उद्यमिता और आर्थिक गतिविधियों को गति देने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्टेट लेवल बैंकर्स कमेटी (SLBC) की बैठक में निर्देश देते हुए कहा कि प्रदेश में दो मेगा लोन मेलों का आयोजन किया जाएगा, जिनके माध्यम से कुल 2.20 करोड़ रुपये का कर्ज वितरित किया जाएगा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य युवाओं, छोटे उद्यमियों, किसानों और स्वयं सहायता समूहों को वित्तीय सहायता उपलब्ध कराना है, ताकि वे अपने व्यवसाय को शुरू कर सकें या उसका विस्तार कर सकें।
मुख्यमंत्री ने बैठक में स्पष्ट किया कि बैंकिंग व्यवस्था को और अधिक जनहितैषी बनाया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ तभी सार्थक होगा, जब पात्र लाभार्थियों को समय पर और बिना अनावश्यक अड़चनों के ऋण उपलब्ध कराया जाए। मेगा लोन मेले इसी दिशा में एक प्रभावी माध्यम साबित होंगे, जहां एक ही स्थान पर विभिन्न बैंकों द्वारा ऋण स्वीकृत और वितरित किए जाएंगे।
SLBC बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिया कि मुद्रा योजना, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना, किसान क्रेडिट कार्ड, स्वयं सहायता समूहों और MSME सेक्टर से जुड़ी योजनाओं पर विशेष फोकस रखा जाए। उन्होंने बैंकों से कहा कि वे लक्ष्य आधारित कार्ययोजना बनाएं और लोन स्वीकृति की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और तेज करें।
सरकार का मानना है कि मेगा लोन मेलों से न केवल रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे, बल्कि ग्रामीण और शहरी अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। छोटे व्यापारियों और स्टार्टअप्स को पूंजी मिलने से उत्पादन, व्यापार और सेवाओं में तेजी आएगी, जिसका सीधा असर राज्य की आर्थिक वृद्धि पर पड़ेगा।
मुख्यमंत्री योगी ने यह भी कहा कि प्रदेश को एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य को हासिल करने में बैंकिंग सेक्टर की भूमिका बेहद अहम है। उन्होंने बैंकों से अपील की कि वे विकास के इस सफर में सरकार के मजबूत साझेदार बनें। दो मेगा लोन मेलों के जरिए 2.20 करोड़ रुपये का कर्ज वितरण इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे उत्तर प्रदेश में समावेशी और संतुलित विकास को नई गति मिलेगी।



