
छात्र आंदोलन के बीच जंतर-मंतर पहुंचे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर अय्यर ने केंद्र सरकार और मौजूदा राजनीतिक माहौल को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी। इस दौरान उन्होंने कहा, “हम मोदी और शाह से डरा करते थे,” जिसके बाद उनका बयान चर्चा का विषय बन गया।
अय्यर ने प्रदर्शन कर रहे छात्रों के प्रति समर्थन जताते हुए कहा कि लोकतंत्र में अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखना नागरिकों का अधिकार है। उन्होंने छात्रों की मांगों को गंभीरता से सुनने और संवाद के जरिए समाधान निकालने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
मणिशंकर अय्यर के इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में प्रतिक्रियाएं तेज हो गई हैं। जहां कांग्रेस समर्थकों ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों की बात बताया, वहीं भाजपा की ओर से इस पर कड़ी प्रतिक्रिया आने की संभावना जताई जा रही है।
छात्र आंदोलन और उससे जुड़े मुद्दों पर राजनीतिक दल लगातार अपनी-अपनी राय रख रहे हैं। ऐसे में इस तरह के बयानों ने बहस को और तेज कर दिया है। अब सभी की नजर सरकार की आगे की कार्रवाई और आंदोलन की दिशा पर बनी हुई है।



