धर्म-आस्था
वट सावित्री व्रत: बरगद की परिक्रमा और 7 धागों का महत्व

हिंदू धर्म में Vat Savitri Vrat का विशेष महत्व माना जाता है, जिसे सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु और सुखी वैवाहिक जीवन के लिए करती हैं। इस व्रत में Banyan tree की पूजा और उसकी परिक्रमा करने की परंपरा प्रमुख होती है।
मान्यता है कि बरगद के पेड़ में त्रिदेवों का वास होता है, इसलिए इसकी परिक्रमा करने से जीवन में सुख, समृद्धि और वैवाहिक सौभाग्य की प्राप्ति होती है। इस दौरान महिलाएं पेड़ के चारों ओर सात बार धागा लपेटती हैं, जिसे सात जन्मों के बंधन और अटूट रिश्ते का प्रतीक माना जाता है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार यह रस्म न केवल आस्था का प्रतीक है, बल्कि पति-पत्नी के रिश्ते में मजबूती और स्थिरता का संदेश भी देती है। यही कारण है कि वट सावित्री व्रत को सुहागिन महिलाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण और फलदायी माना जाता है।



