
पश्चिम बंगाल में प्रशासनिक फेरबदल को लेकर नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। राज्य के मुख्य सचिव को CEO की जिम्मेदारी दिए जाने के बाद तृणमूल कांग्रेस (All India Trinamool Congress) ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाए हैं।
TMC नेताओं का आरोप है कि यह फैसला निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है और प्रशासनिक स्वतंत्रता पर असर डालता है। पार्टी ने इसे “सांठगांठ” करार देते हुए चुनावी व्यवस्था पर गंभीर चिंता जताई है।
वहीं प्रशासनिक हलकों में इसे सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा बताया जा रहा है, जिसके तहत चुनावी तैयारियों को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को अतिरिक्त जिम्मेदारियां दी जाती हैं। इस विवाद ने राज्य की राजनीति में एक बार फिर केंद्र-राज्य संबंधों को चर्चा के केंद्र में ला दिया है।



