क्या 2000 साल पुरानी है रागी अम्बाली? जानें फायदे और रेसिपी

रागी अम्बाली को लेकर कहा जाता है कि यह लगभग 2000 साल पुराना पारंपरिक भारतीय पेय है, जो खासतौर पर दक्षिण भारत में लोकप्रिय रहा है। हाल ही में शेफ आयुष जिंदल ने इसकी आसान रेसिपी साझा की है, जिसमें रागी (फिंगर मिलेट) को पानी और कुछ प्राकृतिक सामग्री के साथ मिलाकर तैयार किया जाता है। यह पेय न केवल स्वादिष्ट है, बल्कि सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद माना जाता है, खासकर गर्मियों में।
रागी अम्बाली को एक ठंडक देने वाला पारंपरिक पेय माना जाता है, जिसे पुराने समय में शरीर को गर्मी से बचाने और ऊर्जा बनाए रखने के लिए पिया जाता था। इसमें मौजूद फाइबर और पोषक तत्व इसे एक हेल्दी विकल्प बनाते हैं।
शेफ आयुष जिंदल के अनुसार, इस पेय को बनाना बेहद आसान है और इसे घर पर कम सामग्री में तैयार किया जा सकता है। रागी का घोल तैयार करके उसे हल्का फर्मेंट किया जाता है, जिससे इसका स्वाद और पोषण दोनों बढ़ जाते हैं।
गर्मी के मौसम में रागी अम्बाली शरीर को ठंडक देने के साथ-साथ पाचन में भी मदद करता है। यह उन लोगों के लिए एक बेहतरीन प्राकृतिक ड्रिंक है जो हेल्दी और पारंपरिक विकल्प अपनाना चाहते हैं।



