
IMF के ताजा अनुमान के अनुसार भारत का रक्षा बजट आने वाले समय में बढ़ सकता है, जिससे देश के रक्षा क्षेत्र और अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है। बढ़ते वैश्विक और क्षेत्रीय सुरक्षा चुनौतियों के बीच यह कदम रणनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है।
रक्षा बजट में वृद्धि से ‘मेक इन इंडिया’ पहल को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे घरेलू रक्षा उत्पादन में तेजी आएगी। इससे न केवल आयात पर निर्भरता कम होगी, बल्कि देश में रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि रक्षा क्षेत्र में निवेश बढ़ने से टेक्नोलॉजी, मैन्युफैक्चरिंग और रिसर्च एंड डेवलपमेंट को भी गति मिलेगी, जो समग्र आर्थिक विकास के लिए सकारात्मक संकेत है।
इसके साथ ही, बढ़ता रक्षा बजट भारत की वैश्विक रणनीतिक स्थिति को भी मजबूत करेगा और देश को एक प्रमुख रक्षा निर्माता के रूप में स्थापित करने में मदद करेगा।



