अरुणाचल प्रदेश का नया नक्शा जारी, चीन के कब्जे वाले इलाकों को भी किया अंकित

भारत ने अरुणाचल प्रदेश का नया आधिकारिक मानचित्र जारी करते हुए सीमा से जुड़े कई महत्वपूर्ण स्थानों को स्पष्ट रूप से अंकित किया है। अपडेट किए गए सर्वे ऑफ इंडिया के मानचित्र में लोंगजू गांव को भी शामिल किया गया है, जो वर्तमान में चीन के कब्जे में है, लेकिन भारत इसे अपना क्षेत्र मानता है।
नए नक्शे में अरुणाचल प्रदेश के कई दर्रों, झीलों और सीमावर्ती क्षेत्रों को भी आधिकारिक रूप से दर्ज किया गया है। इनमें थाग ला जैसे रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं, जो 1962 के भारत-चीन युद्ध के दौरान संघर्ष के प्रमुख केंद्र रहे थे।
भारत का यह कदम ऐसे समय आया है जब चीन अरुणाचल प्रदेश के विभिन्न स्थानों के नाम बदलकर अपने दावे को मजबूत करने की कोशिश करता रहा है। भारत पहले भी स्पष्ट कर चुका है कि चीन की ओर से स्थानों के नाम बदलने से जमीन पर वास्तविक स्थिति या भारत के क्षेत्रीय दावे में कोई बदलाव नहीं होता।
नए आधिकारिक मानचित्र में सीमावर्ती क्षेत्रों की पहचान को अधिक स्पष्ट किया गया है। सरकार का उद्देश्य इन स्थानों की सटीक पहचान और आम लोगों के बीच उनके बारे में जागरूकता बढ़ाना भी है। यह कदम भारत-चीन सीमा विवाद के बीच भारत की भौगोलिक और प्रशासनिक स्थिति को रेखांकित करता है।
अरुणाचल प्रदेश को लेकर भारत और चीन के बीच लंबे समय से क्षेत्रीय दावे को लेकर मतभेद हैं। ऐसे में आधिकारिक मानचित्र में विवादित और रणनीतिक स्थानों को दर्ज करना भारत की सीमा संबंधी स्थिति को सार्वजनिक रूप से स्पष्ट करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



