BJP की नई टीम में 6 महिला उपाध्यक्ष, स्मृति ईरानी पर बड़ा दांव

भारतीय जनता पार्टी की नई राष्ट्रीय टीम में महिलाओं की भागीदारी को खास तवज्जो दी गई है। पार्टी अध्यक्ष नितिन नबीन की घोषित टीम में 13 राष्ट्रीय उपाध्यक्षों में छह महिलाएं शामिल हैं। इसके अलावा राष्ट्रीय संगठन की कुल 65 सदस्यीय टीम में 12 महिलाओं को जिम्मेदारी दी गई है। नई टीम में वसुंधरा राजे, रेखा वर्मा, वर्षाबेन नरेंद्रभाई दोशी, भारती प्रवीण पवार, डी. पुरंदेश्वरी और अन्य महिला नेताओं को महत्वपूर्ण संगठनात्मक जिम्मेदारियां मिली हैं। इससे भाजपा के राष्ट्रीय संगठन में महिला प्रतिनिधित्व को नया बल मिला है।
पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी की राष्ट्रीय महामंत्री के रूप में वापसी इस पूरी कवायद का सबसे चर्चित पहलू है। 2024 के लोकसभा चुनाव में अमेठी से हार के बाद अब संगठन में उन्हें अहम जिम्मेदारी दी गई है। उनकी नियुक्ति को उत्तर प्रदेश समेत आगामी चुनावों में पार्टी की रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।
स्मृति ईरानी की राजनीतिक पहचान एक मजबूत जननेता और प्रभावी वक्ता के तौर पर रही है। महिला मोर्चा से लेकर केंद्र सरकार में मंत्री पद तक उन्होंने पार्टी में कई महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं। ऐसे में राष्ट्रीय महामंत्री की जिम्मेदारी मिलने से संगठन में उनकी सक्रिय भूमिका फिर बढ़ने की संभावना है।
भाजपा के लिए महिला मतदाता लगातार महत्वपूर्ण राजनीतिक वर्ग बन चुके हैं। कल्याणकारी योजनाओं, महिला सुरक्षा, रोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता जैसे मुद्दों पर महिलाओं के बीच पहुंच बढ़ाना पार्टियों की चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा है। ऐसे में राष्ट्रीय टीम में महिलाओं को प्रमुख पद देना संगठनात्मक और राजनीतिक दोनों स्तरों पर महत्वपूर्ण संदेश माना जा सकता है।
महिला प्रतिनिधित्व के साथ भाजपा ने सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन पर भी जोर दिया है। नई टीम में छह अल्पसंख्यक समुदायों से जुड़े नेताओं को भी शामिल किया गया है। पार्टी के मुताबिक संगठन का पुनर्गठन आगामी विधानसभा चुनावों से लेकर 2029 तक की चुनावी तैयारियों को ध्यान में रखकर किया गया है।
स्मृति ईरानी के अलावा वसुंधरा राजे का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनना भी अहम है। राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री के संगठन में अनुभव को देखते हुए उनकी भूमिका राष्ट्रीय स्तर पर पार्टी के लिए उपयोगी हो सकती है। वहीं यूपी से रेखा वर्मा को फिर महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने से प्रदेश को भी संगठन में मजबूत प्रतिनिधित्व मिला है।
भाजपा की नई टीम में महिला नेतृत्व को बढ़ावा देने की कोशिश ऐसे समय हुई है जब पार्टी विभिन्न राज्यों में चुनावी तैयारियां तेज कर रही है। संगठन में महिलाओं की संख्या बढ़ाने के साथ पार्टी का लक्ष्य जमीनी स्तर पर महिला कार्यकर्ताओं और मतदाताओं के बीच संपर्क को मजबूत करना भी हो सकता है।
कुल मिलाकर भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम में महिलाओं को मिली अहम जिम्मेदारियां पार्टी की बदलती संगठनात्मक प्राथमिकताओं का संकेत देती हैं। छह महिला राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और राष्ट्रीय महामंत्री के तौर पर स्मृति ईरानी की वापसी से महिला नेतृत्व को स्पष्ट मजबूती मिली है। अब देखना होगा कि ये चेहरे आगामी चुनावों में पार्टी की रणनीति और जनसंपर्क को कितना प्रभावी बनाते हैं।



