स्पेन के स्यूटा में घुसपैठ की कोशिश नाकाम, 294 प्रवासी गिरफ्तार

स्पेन के स्यूटा में एक बार फिर बड़े पैमाने पर प्रवासियों के प्रवेश की कोशिश सामने आई। मोरक्को की सुरक्षा एजेंसियों ने सीमा के पास कार्रवाई करते हुए 294 प्रवासियों को हिरासत में लेकर घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया। मोरक्को के सरकारी प्रसारक के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए प्रवासी मुख्य रूप से उप-सहारा अफ्रीकी देशों से हैं। सुरक्षा बलों ने सीमा क्षेत्र में कड़ी निगरानी के बीच इन लोगों को स्पेन के स्यूटा में प्रवेश करने से पहले रोक लिया।
कार्रवाई के दौरान 61 मोरक्को नागरिकों को भी गिरफ्तार किया गया। इन लोगों पर प्रवासियों को सीमा पार कराने या उनकी घुसपैठ में मदद करने का आरोप लगाया गया है। मामले में सुरक्षा एजेंसियां नेटवर्क और कथित मददगारों की भूमिका की जांच कर रही हैं। यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है जब स्यूटा सीमा पर प्रवासी संकट को लेकर स्पेन और मोरक्को दोनों ने सुरक्षा बढ़ा दी है। सोशल मीडिया पर बड़े पैमाने पर सीमा पार करने की अपीलों के बाद दोनों देशों की एजेंसियां अतिरिक्त सतर्कता बरत रही हैं।
स्यूटा अफ्रीका में स्थित स्पेन का क्षेत्र है और इसकी सीमा यूरोपीय संघ की अफ्रीका से लगी महत्वपूर्ण स्थलीय सीमाओं में शामिल है। बेहतर आर्थिक अवसर और सुरक्षित जीवन की तलाश में अफ्रीका के विभिन्न हिस्सों से प्रवासी इस रास्ते के जरिए यूरोप पहुंचने का प्रयास करते रहे हैं। हाल के दिनों में स्यूटा के आसपास प्रवासी दबाव काफी बढ़ा है। जुलाई के अंत में बड़े पैमाने पर हुई सीमा पार करने की कोशिश में हजारों लोग प्रभावित हुए थे और बड़ी संख्या में लोगों की मौत भी हुई थी। इसके बाद सीमा सुरक्षा को और मजबूत किया गया है।
नई घुसपैठ की कोशिश को रोकने के लिए मोरक्को ने सीमा क्षेत्र में बड़ी संख्या में सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की है। निगरानी और गश्त बढ़ाने के साथ संभावित रास्तों पर भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। स्यूटा में लगातार बढ़ते प्रवासी दबाव ने स्पेन और मोरक्को के सामने सुरक्षा के साथ मानवीय चुनौती भी खड़ी कर दी है। दोनों देशों के लिए अवैध प्रवासन को रोकने के साथ प्रवासियों की सुरक्षा और मानवीय अधिकारों से जुड़े मुद्दों का संतुलन बनाए रखना भी अहम है।
294 प्रवासियों और 61 कथित मददगारों की गिरफ्तारी से साफ है कि स्यूटा सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था पहले से कहीं ज्यादा सख्त कर दी गई है। आने वाले दिनों में सोशल मीडिया के जरिए होने वाली ऐसी अपीलों और संभावित सामूहिक घुसपैठ की कोशिशों पर मोरक्को और स्पेन की एजेंसियों की नजर बनी रहेगी।



